छठ महापर्व का भव्य समापन: उदीयमान सूर्य को अर्घ्य, घाटों पर उमड़ा जनसैलाब

कोरबा। माता सीता द्वारा त्रेतायुग में प्रारंभ छठ पूजा की सदियों पुरानी परंपरा कोरबा में भी पूरी श्रद्धा से निभाई गई।

पर्व के अंतिम दिन उदीयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पित कर व्रतियों ने छठ महापर्व को संपन्न किया। घाटों पर भक्ति, संस्कृति और प्रसाद वितरण का अद्भुत दृश्य रहा।

जिले के कोरबा, बालकोनगर, दर्री, कुसमुंडा, बांकीमोंगरा, दीपका, ऊर्जा नगर गेवरा समेत सभी प्रमुख छठ घाटों पर भोर से श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। व्रती महिलाओं ने मंत्रोच्चारण के साथ सूर्य देव को अर्घ्य दिया। पूर्वांचली लोकगीतों की मधुर धुन ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय कर दिया।

आयोजन समितियों व जनप्रतिनिधियों ने पानी, बिजली, सुरक्षा और महिलाओं हेतु चेंजिंग रूम की समुचित व्यवस्था की। अर्घ्य उपरांत ठेकुआ, फल एवं प्रसाद वितरित किया गया।

विशेष रूप से ऊर्जा नगर गेवरा के बड़े शिव मंदिर तालाब में भानु सिंह व उनकी टीम के नेतृत्व में भव्य आयोजन हुआ।

सुबह 4:30 बजे से ही सैकड़ों परिवार घाट पर पहुंचे।

गेवरा-दीपका, डेंगुर नाला, एसईसीएल, मानिकपुर, हसदेव नदी किनारे सहित सभी घाटों पर हजारों लोगों ने पर्व मनाया। प्रशासन व आयोजकों की सतर्कता से छठ पर्व शांतिपूर्ण, सुरक्षित व उत्साहपूर्ण रहा।