“स्वस्थ तन, सुरक्षित मन”: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण और आयुष विभाग की संयुक्त मुहिम,स्वास्थ्य और न्यायिक जागरूकता का अनूठा संगम

कोरबा। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण और आयुष विभाग के संयुक्त तत्वावधान में कोरबा के एडीआर भवन में “स्वस्थ तन, सुरक्षित मन” थीम के तहत एक विशेष स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश संतोष शर्मा के निर्देश पर आयोजित इस शिविर में स्वास्थ्य और न्यायिक जागरूकता का अनूठा संगम देखने को मिला।

शिविर में नागरिकों, अधिवक्ताओं और न्यायिक कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। बी.पी., शुगर, गठियाबात और बवासीर जैसी गंभीर बीमारियों की निःशुल्क जांच और परामर्श प्रदान किया गया। आयुष विभाग के चिकित्सक डॉ. पवन मिश्रा और डॉ. सुषमा चौहान की टीम ने प्राकृतिक चिकित्सा, योग और औषधीय परामर्श के जरिए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव ने कहा, “स्वास्थ्य और न्याय एक-दूसरे के पूरक हैं। स्वस्थ शरीर ही नागरिकों को अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक बनाता है। यह शिविर न केवल स्वास्थ्य जांच तक सीमित है, बल्कि समाज को जागरूक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।”

कार्यक्रम में आए विशेषज्ञ चिकित्सकों ने उपचार के साथ-साथ जीवनशैली में सुधार पर भी जोर दिया। इस पहल ने जनसेवा की नई मिसाल कायम की और कोरबा जिले में स्वास्थ्य व न्यायिक जागरूकता के प्रति लोगों में उत्साह जगाया।