सीपीआई की मांग: RSS के सिक्के के साथ भाकपा की शताब्दी को भी मिले सम्मान

कोरबा। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की स्थापना शताब्दी पर सिक्का जारी करने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसले की आलोचना की है। सीपीआई ने इसे स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान करार देते हुए कहा कि भाकपा के भी 100 वर्ष पूरे हो चुके हैं। पार्टी का इतिहास किसान, मजदूर और मेहनतकश वर्ग के लिए संघर्ष और बलिदान से भरा है।

सीपीआई ने मांग की कि सरकार निष्पक्षता दिखाए और भाकपा की शताब्दी के सम्मान में हसुआ और बाली का सिक्का जारी करे। पार्टी का कहना है कि इससे संविधान के प्रति विश्वास मजबूत होगा।

सीपीआई ने जोर देकर कहा कि लाखों क्रांतिकारियों ने समतावादी और लोकतांत्रिक समाज के लिए अपने प्राण न्योछावर किए, जिनके योगदान को मान्यता मिलनी चाहिए।