जमीन की नापजोख करने पहुंचे कर्मियों को हडक़ाया ग्रामीणों ने

कोरबा। जिले में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड की खदानों के विस्तार को लेकर आसपास के गांव का उजडऩा जारी है। सबसे खास बात यह है कि इस प्रकार के कार्यों को पूरा करने के लिए प्रबंधन संबंधित व्यक्तियों को एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी अवार्ड भी दे रहा है।

नई खबर यह है अब हरदी बाजार क्षेत्र की जमीन को हथियाने की तैयारी की जा रही है। शनिवार को जमीन की नाप जोक के लिए प्रशासन और प्रबंधन के कुछ लोग यहां पहुंचे जिनके साथ ग्रामीणों की बहस हो गई। याद रहे कुछ दिन पहले ही हरदी बाजार के पुराने कॉलेज के एक हिस्से को बिना किसी सूचना के आउटसोर्सिंग कंपनी के लिए काम करने वाले व्यक्तियों के द्वारा ध्वस्त कर दिया गया।

सीसीएल के कहने पर यह लोग यहां पहुंचे थे। इस मामले को लेकर ग्रामीणों ने जमकर खरी खोटी सुनाई और दोबारा इधर नहीं झांकने को कहा। पता चला कि एसईसीएल के नोटिस के आधार पर भू-अर्जन विभाग के कर्मचारी ग्राम पंचायत को जानकारी देने पहुंचे थे कि यहां मापजोख करना है। इसका पता चलने पर काफी संख्या में ग्रामीण मौके पर इक्कठे हुए। उन्होंने सीधे सपाट लहजे में कहा कि अगर जमीन चाहिए तो पूरे गांव को अधिग्रहित करना होगा। और कोई शर्त मंजूर नहीं होगी।

लोगों की नाराजगी इस बात को लेकर थी कि बारिश के सीजन में भू अर्जन की बात प्रशासन और प्रबंधन को याद कैसे आ रही है। जिले में गेवरा दीपका और कुसमुंडा को मेगा माइंस के तौर पर शामिल किया गया है और लगातार इनका दायरा बढ़ाया जा रहा है।

कोयला कंपनी का तर्क है कि आसपास में पर्याप्त संख्या में कोयला उपलब्ध है और इसके सहारे अगले कई दशक हम आसानी से उत्पादन कर सकते हैं। इसलिए किसी भी स्तर पर जाकर कार्रवाई की जा रही है।