विद्युत अधिकारी-कर्मचारियों की ओपीएस बहाली की मांग, मंत्री को सौंपा ज्ञापन

कोरबा। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के अधिकारी- कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) बहाल करने की मांग को लेकर प्रदेशभर में अभियान जारी है। इसी क्रम में रविवार को विद्युत अधिकारी-कर्मचारी ओपीएस बहाली अधिकार मंच के प्रतिनिधियों ने कैबिनेट मंत्री एवं कोरबा विधायक लखनलाल देवांगन से मुलाकात कर संयुक्त ज्ञापन सौंपा।

मंच ने विद्युत कंपनियों के अधिकारी-कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाल कराने की दिशा में शासन और कंपनी प्रबंधन स्तर पर पहल करने का आग्रह किया।

अधिकार मंच के प्रतिनिधियों ने मंत्री को बताया कि राज्य शासन के कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना लागू हुए लंबा समय बीत चुका है, लेकिन छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के अधिकारी-कर्मचारी अभी भी इसके लाभ से वंचित हैं।मंच के अनुसार,ऊर्जा विभाग की ओर से 6 अक्टूबर 2023 को विद्युत कंपनियों में पुरानी पेंशन लागू करने के संबंध में सैद्धांतिक सहमति दी जा चुकी है, लेकिन अब तक ओपीएस बहाली का औपचारिक आदेश जारी नहीं हुआ है।


कोरबा में 3 हजार से अधिक कर्मचारी वंचित होने का दावा
मुलाकात के दौरान मंच ने अपने प्रदेशव्यापी अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि कोरबा विधानसभा क्षेत्र में ही करीब 3 हजार से अधिक अधिकारी-कर्मचारी पुरानी पेंशन योजना से वंचित हैं। वहीं पूरे छत्तीसगढ़ में यह संख्या करीब 8,500 से 9,000 अधिकारी-कर्मचारियों के बीच बताई गई। मंच ने मंत्री से इस मामले में शासन एवं विद्युत कंपनी प्रबंधन के स्तर पर विशेष पहल करने का आग्रह किया।

मंत्री ने बैठक में मुद्दा रखने की कही बात
कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन ने प्रतिनिधिमंडल को बताया कि मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में मंत्री समूह की आंतरिक बैठक प्रस्तावित है। उन्होंने कहा कि इस बैठक में विद्युत कंपनी के अधिकारी-कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाली का विषय उनकी ओर से रखा जाएगा।

मंत्री ने यह भी बताया कि 30 सितंबर को प्रदेश शासन की कैबिनेट बैठक प्रस्तावित है। उन्होंने मंच के प्रतिनिधियों को सुझाव दिया कि ऊर्जा विभाग और कंपनी प्रबंधन की ओर से पुरानी पेंशन बहाली संबंधी प्रस्ताव कैबिनेट में प्रस्तुत कराने के लिए मंच भी अपने स्तर पर प्रयास करे।

अधिकार मंच के प्रतिनिधियों के अनुसार, मंत्री ने मांग को लेकर अपनी ओर से प्रयास करने का आश्वासन दिया है। मंच ने कहा कि यदि मांग पर जल्द निर्णय नहीं होता है तो आंदोलन को आगे विस्तार दिया जाएगा। मंच लंबे समय से विद्युत कंपनी प्रबंधन और प्रदेश सरकार के समक्ष पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग रख रहा है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान अभियंता संघ, आरक्षित वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संघ, पत्रोपाधि अभियंता संघ, डॉक्टर्स एसोसिएशन, ऑफिसर्स एसोसिएशन, फेडरेशन-01, इंटक-56, बिजली उत्पादन कर्मचारी संघ और कर्मचारी जनता यूनियन सहित अधिकार मंच से जुड़े विभिन्न संगठनों के प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान बड़ी संख्या में विद्युत अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित रहे।