ड्यूटी के दौरान पावरमेक कंपनी के क्रेन ऑपरेटर की मौत, 6 लाख मुआवजा देने पर बनी सहमति

कोरबा। बालको के अधीन कार्यरत पावरमेक कंपनी में ड्यूटी के दौरान एक क्रेन ऑपरेटर की तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। मृतक की पहचान झारखंड के पलामू जिले के गोराडीह मोहम्मदगंज निवासी 38 वर्षीय राहुल सिंह के रूप में हुई है।

घटना के बाद परिजनों और कंपनी प्रबंधन के बीच मुआवजे को लेकर लंबे समय तक चर्चा चली, जिसके बाद 6 लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी।

जानकारी के अनुसार राहुल सिंह लंबे समय से पावरमेक कंपनी में क्रेन ऑपरेटर के रूप में कार्यरत थे। गुरुवार को वह रोज की तरह ड्यूटी पर पहुंचे थे। काम के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और उन्होंने सीने में दर्द तथा बेचैनी की शिकायत की।

सहकर्मियों ने उन्हें तत्काल न्यू कोरबा हॉस्पिटल पहुंचाया, जहां प्रारंभिक जांच में हार्ट अटैक की पुष्टि हुई। इलाज के दौरान कुछ देर बाद उनकी मौत हो गई।

घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों और परिचितों में शोक की लहर फैल गई। शुरुआत में कंपनी प्रबंधन द्वारा कम मुआवजा राशि देने और शव को झारखंड भेजने की तैयारी की जा रही थी। हालांकि विभिन्न स्तरों पर हस्तक्षेप के बाद 6 लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी। फिलहाल एक लाख रुपये की राशि परिजनों को दे दी गई है, जबकि शेष 5 लाख रुपये आवश्यक औपचारिकताओं के बाद मृतक की पत्नी के खाते में ट्रांसफर किए जाएंगे।

परिजन और शुभचिंतक लगातार 10 लाख रुपये मुआवजा तथा परिवार के एक सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति देने की मांग कर रहे थे। अनुकंपा नियुक्ति के मामले में अभी अंतिम निर्णय नहीं हो पाया है।

दो बच्चों के पालन-पोषण की चिंता
राहुल सिंह अपने पीछे पत्नी और दो बच्चों को छोड़ गए हैं। इनमें एक बच्चा दिव्यांग बताया जा रहा है। परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए अब उनके पालन-पोषण और भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है।

सहकर्मियों और सामाजिक संगठनों ने श्रम एवं उद्योग विभाग से मानवीय आधार पर परिवार की मदद करने की मांग की है।