दीपका खदान में पर्यावरणीय लापरवाही पर सख्ती, स्प्रिंकलर और व्हील वाशिंग सिस्टम बंद मिलने पर फटकार

छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल की टीम ने दी चेतावनी, एक माह में सुधार नहीं हुआ तो होगी बड़ी कार्रवाई

कोरबा-दीपका। छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल की क्षेत्रीय टीम ने एसईसीएल दीपका क्षेत्र की खदान का निरीक्षण किया और पर्यावरणीय मानकों की गंभीर अनदेखी पाई। टीम ने खदान प्रबंधन को सख्त फटकार लगाते हुए जल्द सुधार करने का अल्टीमेटम दिया है, अन्यथा बड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

टीम ने थाना चौक से श्रमिक चौक तक की सड़क और चैनपुर-गांधीनगर से सटी रेलवे साइडिंग का जायजा लिया।

निरीक्षण में पाया गया कि स्प्रिंकलर सिस्टम और व्हील वाशिंग सिस्टम पूरी तरह निष्क्रिय हैं। कोयले को गीला किए बिना सूखी स्थिति में ही लोड किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में भयावह वायु प्रदूषण फैल रहा है।

2 माह पहले भी पर्यावरण संरक्षण मंडल ने नोटिस जारी किया था, लेकिन प्रबंधन द्वारा कोई सुधार नहीं किया गया।

क्षेत्रीय पर्यावरण अधिकारी ने प्रबंधन को एक माह के अंदर स्प्रे गन और स्प्रिंकलर सिस्टम को दुरुस्त करने के सख्त निर्देश दिए हैं। साथ ही चेतावनी दी कि यदि समयसीमा में सुधार नहीं हुआ तो पेनाल्टी भी लगाई जाएगी।

इस दौरान सांसद प्रतिनिधि शेत मसीह सहित स्थानीय लोग भी मौजूद थे।

पर्यावरण संरक्षण मंडल ने स्पष्ट संदेश दिया है कि खदान संचालन में पर्यावरणीय नियमों का पालन अनिवार्य है और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।