दीपका प्रबंधन की मनमानी: आबादी से 100 मीटर दूर हैवी ब्लास्टिंग, घर कांपने से दहशत में ग्रामीण

कोरबा। साउथ ईस्टर्न कोल फील्ड लिमिटेड की कोरबा जिले में स्थित परियोजनाओं से अधिकतम कोयला उत्पादन करने के लिए प्रबंधन किसी भी हद तक जा रहा है। लोगों के हित से उसे कोई मतलब नहीं रह गया है। दीपका क्षेत्र में तो रिहायशी क्षेत्रों के नजदीक हैवी ब्लास्टिंग की जा रही है।

कंपकपाते घरों में जीवन गुजारने के लिए लोग मजबूर है।
एसईसीएल दीपका प्रबंधन को हरदीबाजार की घनी आबादी का तनिक भी ख्याल नहीं है। शनिवार की दोपहर 2.30 बजे आबादी क्षेत्र से महज 100-200 मीटर की दूरी पर हैवी ब्लास्टिंग की जा रही है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि ब्लास्टिंग की तीव्रता इतनी ज्यादा रहती है कि इस दौरान घर कांपने लगते है। ग्रामीणों का आरोप है कि एसईसीएल दीपका प्रबंधन हरदीबाजार के लोगों को इस तरह परेशान कर रहा है ताकि वे या तो यहां से कहीं और चले जाए या फिर अपने जीवन की चिंता न कर सके। सामने घनी आबादी उसके बाद भी मिट्टी, कोयला फेस में इतनी तीव्रता की ब्लास्टिंग करना एसईसीएल दीपका प्रबंधन केवल कोयला निकालने के लिए लोगों की जिंदगी बेमानी हो गई है।

लोगों की चिंता इस बात को लेकर है कि जिस तरह विभिन्न पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन के दौरान घटनाएं होती है और अनेक जिंदगियां शून्य में खो जाती है, कहीं वहीं हाल यहां पर न हो जाए। यदि इस पर क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों व जिला प्रशासन ने गंभीरता पूर्वक ध्यान नहीं दिया तो आने वाले दिनों में कोई बढ़ी घटना घट सकती है।

फिलहाल ग्रामीण दहशत में भी रहकर एसईसीएल दीपका प्रबंधन से अपनी जायज मांगों के लिए शांति पूर्वक जनजागरण रैली तो धरना प्रदर्शन कर रहे हैं।