बालको में मजदूरों के शोषण पर विधायक फूलसिंह राठिया का सवाल प्रबंधन को दी लिखित चेतावनी, उच्चस्तरीय जांच की मांग

कोरबा। रामपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक फूलसिंह राठिया ने बालको प्रबंधन और ठेका कंपनी शिवशक्ति पावर प्राइवेट लिमिटेड पर मजदूरों के शारीरिक एवं मानसिक शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं। इस मामले में उन्होंने बालको के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पत्र लिखकर सुरक्षा व्यवस्था, हाउसकीपिंग और ठेका कंपनी के संचालन पर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

विधायक राठिया ने कहा कि पांडिचेरी (तमिलनाडु) की यह ठेका कंपनी, बालको प्रबंधन और एनजीएसएल के साथ मिलकर प्लांट में काम कर रहे मजदूरों और कर्मचारियों का शोषण कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी और रख-रखाव में लापरवाही के कारण बड़े हादसों की आशंका लगातार बढ़ती जा रही है।

540 मेगावाट ईएसपी स्ट्रक्चर गिरने की घटना को बताया गंभीर लापरवाही
पत्र में 3 अक्टूबर 2025 को 540 मेगावाट यूनिट में ईएसपी स्ट्रक्चर गिरने की घटना को प्रबंधन और ठेका कंपनी की लापरवाही का परिणाम बताया गया है। ईएसपी के ऑपरेशन एवं मेंटेनेंस की जिम्मेदारी शिवशक्ति पावर प्रा. लि. को दी गई थी।

विधायक का कहना है कि समय पर हाउसकीपिंग और आवश्यक रखरखाव न होने से यह घटना घटी। हालांकि प्रबंधन की ओर से किसी घायल होने की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।

“क्या प्रबंधन दूसरे चिमनी हादसे का इंतजार कर रहा है?” — विधायक राठिया
विधायक ने आरोप लगाया कि प्लांट में हाउसकीपिंग की स्थिति बेहद खराब है, इसके बावजूद हर वर्ष ठेका कंपनी को “बेस्ट हाउसकीपिंग अवॉर्ड” दिया जाना संदिग्ध है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सुरक्षा हालात इतने बदतर हैं, तो क्या प्रबंधन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है?

बड़ी दुर्घटना की आशंका, जवाबदेही तय करने की मांग
विधायक राठिया ने चेतावनी दी है कि इस प्रकार की लापरवाही भविष्य में किसी बड़े हादसे को जन्म दे सकती है।

उन्होंने प्रबंधन से हाउसकीपिंग और सुरक्षा व्यवस्था की उच्चस्तरीय जांच

ठेका कंपनी की जवाबदेही तय करने,

और मजदूरों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने
की मांग की है।जन आंदोलन की चेतावनी
विधायक ने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में मजदूरों की सुरक्षा से जुड़ी कोई दुर्घटना या शोषण सामने आता है, तो बालको प्रबंधन के खिलाफ उग्र जन आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रबंधन पर होगी।

जन आंदोलन की चेतावनी
विधायक ने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में मजदूरों की सुरक्षा से जुड़ी कोई दुर्घटना या शोषण सामने आता है, तो बालको प्रबंधन के खिलाफ उग्र जन आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रबंधन पर होगी।