ड्राइवर महासंगठन का छत्तीसगढ़ में चक्का जाम: शराबबंदी और ड्राइवर दिवस सहित चार मांगों पर जोर, अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी

रायपुर/कोरबा।ड्राइवर महासंगठन ने आज पूरे छत्तीसगढ़ में महाबंद और चक्का जाम का आह्वान किया है, जिसके चलते प्रदेशभर में यातायात व्यवस्था प्रभावित होने की संभावना है। संगठन ने पिछले कई महीनों से इस आंदोलन के लिए जागरूकता अभियान चलाया, जिसमें पदाधिकारी और सदस्य गांव-गांव जाकर ड्राइवरों को चक्का जाम में शामिल होने के लिए प्रेरित कर रहे हैं।


संगठन ने सरकार के सामने चार प्रमुख मांगें रखी हैं:

पूरे छत्तीसगढ़ में शराबबंदी लागू करना।

ड्राइवर आयोग और सुरक्षा कानून का निर्माण।

ड्राइवर वेलफेयर बोर्ड का गठन।

1 सितंबर को ‘ड्राइवर दिवस’ घोषित करना।


इन मांगों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए जिला और ब्लॉक स्तर पर वाहनों पर पम्फलेट चिपकाए गए और संगठन की जानकारी साझा की गई। चक्का जाम को सफल बनाने के लिए व्यापक सहयोग जुटाया गया है।

संगठन के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि 25 अक्टूबर तक मांगें नहीं मानी गईं, तो यह आंदोलन अनिश्चितकालीन चक्का जाम में तब्दील हो जाएगा।

उन्होंने ओडिशा सरकार का हवाला देते हुए कहा कि वहां ड्राइवर संगठन की मांगें स्वीकार की गई हैं, और अब छत्तीसगढ़ सरकार को भी तत्काल कदम उठाने चाहिए।

आज के इस आंदोलन से सड़कों पर व्यापक प्रभाव पड़ सकता है। संगठन ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन का आह्वान किया है, लेकिन मांगें पूरी न होने पर आंदोलन को और तेज करने की बात कही है। सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।