गेवरा बस्ती जमीन अधिग्रहण वार्ता विफल, ग्रामीणों और SECL अधिकारियों के बीच मारपीट, पुलिस में मामला दर्ज

कोरबा। गेवरा बस्ती की जमीन अधिग्रहण को लेकर भिलाई बाजार के सरस्वती शिशु मंदिर में आयोजित त्रिपक्षीय वार्ता विफल रही। वार्ता के बाद ग्रामीणों और साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) के अधिकारियों के बीच कहासुनी और मारपीट की घटना हो गई। इस मामले में हरदी बाजार पुलिस ने SECL अधिकारी शिखर सिंह चौहान के खिलाफ धारा 296, 115(2), और 351(3) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया है।

कोयला खदानों के विस्तार के लिए 11 साल पहले अधिग्रहित गेवरा बस्ती की जमीन को लेकर प्रशासन, SECL प्रबंधन और ग्रामीणों के बीच वार्ता हुई। प्रशासन की ओर से एसडीएम तन्मय खन्ना, SECL की ओर से शिखर सिंह चौहान, नरसिम्हा राव, आशुतोष कुमार, और ग्रामीणों की ओर से उनके प्रतिनिधि व बड़ी संख्या में विस्थापित मौजूद थे। ग्रामीणों ने जमीन देने से इनकार करते हुए लंबित मांगों के समाधान और स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।

वार्ता बेनतीजा रही, जिसके बाद बाहर निकलते समय एक टिप्पणी को लेकर ग्रामीणों और SECL अधिकारियों के बीच विवाद बढ़ा और मारपीट हो गई। दोनों पक्षों को चोटें आईं। ग्रामीण आशीष पटेल ने इसकी शिकायत हरदी बाजार थाने में दर्ज कराई।

हरदी बाजार और भिलाई बाजार में जमीन अधिग्रहण के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध जारी है। मलगांव और सुआभोड़ी में जमीन हेरफेर के मामले में CBI जांच भी चल रही है, लेकिन इसकी प्रगति और दिशा अस्पष्ट है।

ग्रामीणों ने अधिग्रहण के खिलाफ एसडीएम को आवेदन सौंपा है। पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटे हैं।