एसईसीएल में फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी में गड़बड़ी का आरोप: ननकी राम कंवर ने पीएम और कोयला मंत्री को लिखा पत्र, जीएम अशोक कुमार पटनायक पर मनमानी का आरोप

रायपुर।छत्तीसगढ़ के पूर्व गृहमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ आदिवासी नेता ननकी राम कंवर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कोयला मंत्री को पत्र लिखकर साउथ ईस्टर्न कोल फील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) में फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी (एफएमसी) परियोजना में व्यापक अनियमितताओं और जीएम साइडिंग (एचओडी) अशोक कुमार पटनायक की मनमानी की शिकायत की है। कंवर ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना में बाधा डालने और कोयला माफिया को लाभ पहुंचाने के लिए पटनायक पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

कंवर ने पत्र में उल्लेख किया कि गेवरा, कुसमुंडा और दीपका जैसे प्रमुख कोयला खदानों में फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी के तहत रेलवे साइडिंग, ओवरब्रिज और नई रेल लाइन के स्वीकृत कार्यों में देरी हो रही है।

उन्होंने आरोप लगाया कि 2021 से इस परियोजना की जिम्मेदारी संभाल रहे जीएम अशोक कुमार पटनायक अपने पद का दुरुपयोग कर कार्य स्थल को समय पर खाली नहीं करा रहे, जिससे निर्माण कार्य बाधित हो रहा है। इसके अलावा, ठेकेदारों और ठेका कंपनियों को अनावश्यक परेशान करने का भी आरोप है, जो केंद्र सरकार की इस योजना को प्रभावित कर रहा है।

कंवर ने पत्र में कहा कि फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी का उद्देश्य सड़क मार्ग से कोयला परिवहन को बंद कर रेल के माध्यम से सुगम और प्रदूषण मुक्त परिवहन सुनिश्चित करना है। इससे परिवहन लागत में कमी, ईंधन की बचत, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, कोयला चोरी पर अंकुश लगेगा। हालांकि, उन्होंने दावा किया कि पटनायक की कार्यशैली के कारण सड़क मार्ग से परिवहन के दौरान ओवरलोडिंग और अवैध कोयला तस्करी को बढ़ावा मिल रहा है।

कंवर ने आशंका जताई कि पटनायक का कोयला माफिया से संबंध हो सकता है और उनकी संपत्ति की जांच की मांग की है। उन्होंने प्रधानमंत्री और कोयला मंत्री से अनुरोध किया कि पटनायक की मनमानी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, उनकी संपत्ति की जांच हो और फर्स्ट माइल कनेक्टिविटी परियोजना को तेजी से पूरा करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं।

इस शिकायत ने एसईसीएल में चल रही परियोजनाओं की पारदर्शिता और प्रबंधन पर सवाल खड़े किए हैं। अब यह देखना बाकी है कि केंद्र सरकार और कोयला मंत्रालय इस मामले में क्या कदम उठाते हैं।