5 साल से लंबित प्रकरणों को हल करें एक महीने में

कोरबा। प्रशासनिक अधिकारियों का जिम्मा है कि वे एक महिने के भीतर उन प्रकरणों को निराकृत करें जो पिछले 5 साल से लंबित है। ऐसे सभी मामलों के निराकरण की प्रगति की जिम्मेदारी उनकी है।

राजस्व विभाग से संबंधित समीक्षा बैठक में डीएम अजीत वसंत ने यह निर्देश दिए। इस मौके पर अविवादित/विवादित नामांतरण, खाता विभाजन, सीमांकन, नक्शा बटांकन, अभिलेख शुद्धता, ई कोर्ट प्रकरण, मसाहती गांवों का सर्वे सहित सभी राजस्व प्रकरणों की जानकारी ली गई।

कहा गया कि कोई भी आवेदन अकारण समय सीमा से बाहर नहीं होना चाहिए। सभी राजस्व अधिकारी इस बात का विशेष ध्यान रखें। साथ ही प्रभारी अधिकारी व सभी एसडीएम को नियमित मॉनिटरिंग करने निर्देशित किया।

बारिश के पूर्व सीमांकन के लंबित प्रकरणों को निराकृत करने हेतु सभी राजस्व अधिकारियों को कार्य करने के लिए कहा। बरसात के मौसम में सीमांकन कार्य बाधित रहेगा, इस हेतु राजस्व अमले की पूरी टीम आगामी कुछ दिनों तक सीमांकन के प्रकरणों को प्राथमिकता से लेते हुए निराकृत करें।

उन्होंने कलेक्टर, अपर कलेक्टर, एसडीएम तहसीलदार, नायब तहसीलदार के न्यायालय में दर्ज व लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए ई-कोर्ट में विगत 5 वर्ष से अधिक समय से लंबित प्रकरणों का एक माह के अंदर पूर्ण निराकरण करने की हिदायत दी। साथ ही नक्शा बटांकन कार्य में भी तत्परता से कार्यवाही सुनिश्चित करते हुए प्रगति लाने के निर्देश दिए।

कोटवारी भूमि को सरकारी रिकार्ड में दर्ज करने की कार्यवाही 15 दिन में करना होगा। जिनमें सिंगल ट्रांजेक्शन की स्थिति है।

बैठक में अपर कलेक्टर अनुपम तिवारी, मनोज कुमार बंजारे, सभी एसडीएम, प्रभारी अधिकारी भू-अभिलेख, अधीक्षक भू-अभिलेख, सभी तहसीलदार और नायब तहसीलदार उपस्थित थे।