धान बेचने किसानों में उत्साह, कटाई जारी, अच्छी फसल से खुश है किसान

2761 नए किसानों ने कराया है पंजीयन, कुल 53 हजार 944 किसान पंजीकृत

कोरबा। प्रदेश सहित जिला में खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 के तहत 14 नवंबर से 31 जनवरी 2025 तक होने वाली धान उपार्जन के लिए एक तरफ जहाँ जिला प्रशासन द्वारा आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित कर ली गई है। वहीं जिले के किसानों में भी धान बेचने को लेकर बहुत उत्साह का वातावरण है।

खेतों में धान बोने के बाद अपनी फसल के पकने के इंतजार कर रहे किसानों द्वारा अब खेतों में कटाई की जा रही है। किसान धान काटने और उसे खेत से अपने खलिहान तक पहुचाने में व्यस्त है। धान की मिसाई के पश्चात बोरो में भरने का सिलसिला भी जारी है, जल्दी ही खरीदी प्रारंभ होने के साथ ही किसान ट्रैक्टरों सहित अन्य माध्यम से धान उपार्जन केंद्र पहुचेंगे और अपनी मेहनत का मूल्य ले पाएँगे।


ग्राम भवरखोल व लिमडीह के किसान अमोल कँवर, रूपेश कँवर का कहना है कि इस बार बारिश अच्छी हुई है इसलिए फसल भी अच्छा हुआ है और यह भी खुशी की बात है कि एक एकड़ में 21 क्विंटल धान बेचने की सुविधा के साथ ही 31 सौ रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से धान सरकार लेगी। किसानों का कहना है कि उन्होंने अपना पंजीयन भी करा लिया है और जल्दी ही धान बेचेंगे।

जिले में 65 धान खरीदी केंद्रों में धान की खरीदी होगी। कुल 53 हजार 944 किसानों ने अपना पंजीयन कराया है जिसमें से 2761 किसान नए हैं।

कलेक्टर ने उपार्जन केन्द्रो की आरंभिक व्यवस्था के लिए उपयुक्त स्थल का चयन, विद्युत व्यवस्था, कम्प्युटर सेट, यूपीएस, इंटरनेट कनेक्शन, डाटा एंटी्र ऑपरेटर की व्यवस्था, हमाल, मानव संशोधन, पॉलिथीन, बैनर, पोस्टर, पीने का पानी, प्राथमिक उपचार पेटी, समर्थन मूल्य के प्रदर्शन हेतु बैनर, बायोमेट्रिक डिवाईस, आद्र्रतामापी यंत्र, इलेक्ट्रानिक तौल मशीन, कांटाबांट, नापतौल विभाग से सत्यापन, स्थानीय स्तर पर निगरानी समिति, शिकायत कॉल सेंटर नंबर, बारदानो की उपलब्धता, नये बारदाने, पुराने बारदाने, पीडीएस बारदाने, रंग सुतली, नोडल अधिकारी /खाद्य अधिकारी/ अन्य अधिकारियों के नंबरों का प्रदर्शन के निर्देश दिए हैं।