प्लास्टिक को ना, अब आयोजनों में स्टील के बर्तनों का सहारा

सिंगल यूज डिस्पोजेबल से मुक्ति की पहल, माधव संस्कार समिति ने शुरू किया बर्तन बैंक

कोरबा। सामाजिक और धार्मिक आयोजनों में सिंगल यूज प्लास्टिक व डिस्पोजेबल सामग्री के बढ़ते इस्तेमाल से पैदा होने वाले कचरे को कम करने के लिए माधव संस्कार समिति ने बर्तन बैंक शुरू किया है। अब लोग शादी, धार्मिक आयोजन, भंडारा और अन्य सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए यहां से स्टील के बर्तन ले सकेंगे। बर्तन बैंक का संचालन पटेलपारा स्थित दादी धाम मंदिर परिसर से श्याम मिलन केंद्र करेगा।

विश्वकर्मा पूजा के अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता अजय पांडेय के परिसर में बर्तन बैंक का शुभारंभ किया गया। विद्या भारती के उपाध्यक्ष जुड़ावन सिंह ठाकुर, सामाजिक कार्यकर्ता किशोर बुटोलिया और कैलाश नाहक ने भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलित कर केंद्र की शुरुआत की।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि आयोजनों में डिस्पोजेबल प्लेट, गिलास और अन्य प्लास्टिक सामग्री का इस्तेमाल कुछ समय के लिए होता है, लेकिन इससे निकलने वाला कचरा लंबे समय तक पर्यावरण के लिए चुनौती बना रहता है। ऐसे में प्लास्टिक के स्थान पर बार-बार इस्तेमाल होने वाले स्टील के बर्तन अपनाना व्यावहारिक विकल्प हो सकता है।

जुड़ावन सिंह ठाकुर ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामाजिक सहभागिता से ही इसे व्यापक बनाया जा सकता है। बर्तन बैंक लोगों को अपने आयोजनों में प्लास्टिक के विकल्प अपनाने के लिए प्रेरित करेगा। किशोर बुटोलिया ने सुविधा का लाभ लेने वाले लोगों को सदस्य बनाकर अभियान को विस्तार देने का सुझाव दिया।

सुबह दो, शाम तीन घंटे मिलेगी सुविधा

बर्तन बैंक के व्यवस्थापक शत्रुघ्न वर्मा ने बताया कि दादी धाम मंदिर परिसर से लोगों को जरूरत के अनुसार स्टील के बर्तन उपलब्ध कराए जाएंगे। सुविधा सुबह दो घंटे और शाम तीन घंटे रहेगी। बर्तन लेने वाले व्यक्ति को कार्यक्रम के बाद उन्हें साफ-सुथरी स्थिति में वापस करना होगा, ताकि इन्हें दूसरे आयोजनों में भी उपयोग किया जा सके।

कार्यक्रम में चंद्रकिशोर श्रीवास्तव, अशोक तिवारी, अशोक पाल, पार्षद युगल किशोर केवट, योगेश मिश्रा, रामसेवक साहू, मनीष मिश्रा और उमेदराम साहू सहित अन्य नागरिक उपस्थित रहे।