नए टेंडर में 20 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन रखना अनिवार्य
कोरबा। एसईसीएल ने पर्यावरण संरक्षण और ईंधन बचत की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) के उपयोग को बढ़ावा देना शुरू कर दिया है। कार्यालयों में चार पहिया ईवी वाहनों के उपयोग के बाद अब खदानों में भी इलेक्ट्रिक वाहनों से कोयला परिवहन शुरू हो गया है।
कंपनी द्वारा जारी नए टेंडर में 20 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन रखना अनिवार्य कर दिया गया है। एसईसीएल की कई खदानों में ईवी टिपर के माध्यम से कोयले की ढुलाई शुरू हो चुकी है और आने वाले समय में इसे सभी खदानों में लागू करने की तैयारी की जा रही है। बताया गया कि 8 मई को जारी टेंडर में यह नई शर्त शामिल की गई है।
जानकारी के अनुसार कोल इंडिया लिमिटेड ने अपनी सभी सहायक कंपनियों को निर्देश दिए हैं कि डीजल और पेट्रोल वाहनों की जगह प्राथमिकता इलेक्ट्रिक वाहनों को दी जाए। इसके साथ ही एक ही दिशा में यात्रा करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए कार पूलिंग व्यवस्था को भी अनिवार्य किया गया है।
कंपनी का मानना है कि भविष्य में अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और तेल आपूर्ति पर असर पड़ने की स्थिति में डीजल संकट से बचने के लिए यह पहल उपयोगी साबित होगी।
अमेरिका-ईरान तनाव के कारण डीजल सप्लाई चेन प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
एसईसीएल अधिकारियों ने बताया कि इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी और हरित एवं पर्यावरण-अनुकूल खनन को बढ़ावा मिलेगा। कंपनी ने इसे सतत विकास और स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया है।
Editor – Niraj Jaiswal
Mobile – 9754876042
Email – urjadhaninewskorba@gmail.com
Address – Press Complex, T.P. Nagar, Korba C.G. 495677

