कफन ओढ़कर सड़क पर लेटे युवक कांग्रेस कार्यकर्ता,किया पुतला दहन

कोरबा।कोरबा जिले में धान खरीदी की अनियमितता और टोकन न मिलने से परेशान होकर दो किसानों द्वारा 24 घंटे के अंदर आत्महत्या के प्रयास की घटनाओं ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है। इस मामले में युवक कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार शाम कलेक्ट्रेट गेट के सामने कफन ओढ़कर सड़क पर लेटकर जोरदार प्रदर्शन किया और लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा।

प्रदर्शन के दौरान 7-8 युवक कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कफन पहनकर लेटकर यह संदेश दिया कि किसानों की स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि वे मौत के कगार पर हैं। शुरुआत में राहगीरों को लगा कि वास्तव में कोई शव रखा गया है और कोई उनकी सुध नहीं ले रहा। बाद में पता चला कि यह किसानों की पीड़ा का प्रतीकात्मक प्रदर्शन है।

प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की, प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया और अंत में भाजपा सरकार का पुतला जलाकर अपना गुस्सा जाहिर किया। पुलिस मौके पर मौजूद थी, लेकिन उसने प्रदर्शन को रोकने में कोई विशेष रुचि नहीं दिखाई।

जिले में हाल ही में दो आदिवासी किसानों ने धान बिक्री के लिए टोकन न मिलने और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसल बेचने में आई बाधाओं के कारण जहर खाकर आत्महत्या की कोशिश की। पहली घटना में किसान सुमेर सिंह गोंड़ ने कीटनाशक पी लिया, जबकि दूसरी घटना में तहसील कार्यालय के बाहर एक किसान ने जहर का सेवन किया। ये घटनाएं किसानों में गहरा आक्रोश पैदा कर रही हैं।

युवक कांग्रेस ने इसे सरकार की विफलता करार देते हुए कहा कि कांग्रेस हमेशा किसानों के साथ खड़ी है और ऐसी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रदर्शन के जरिए उन्होंने प्रशासन से त्वरित जांच, दोषियों पर कार्रवाई और किसानों की समस्याओं के समाधान की मांग की।

यह प्रदर्शन कोरबा में किसान आंदोलन को नई तीव्रता देने वाला हो सकता है, क्योंकि धान खरीदी सीजन में ऐसी घटनाएं राज्य सरकार के लिए बड़ी चुनौती बन रही हैं। यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो विरोध और तेज हो सकता है।