छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी महासंघ का ऐलान: 9 अक्टूबर को विशाल रैली, काली पट्टी के साथ शुरू होगा तीसरा चरण

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ महासंघ ने सरकार और विद्युत कंपनी प्रबंधन की वादाखिलाफी के खिलाफ निर्णायक आंदोलन की हुंकार भरी।

रविवार को तिफरा के कल्याण भवन में प्रांतीय अध्यक्ष संजय तिवारी की अध्यक्षता में आयोजित प्रदेश कार्यसमिति की विशेष बैठक में 9 अक्टूबर को प्रस्तावित विशाल रैली और प्रदर्शन की रणनीति तैयार की गई। साथ ही, प्रथम और द्वितीय चरण के ज्ञापन और प्रचार-प्रसार की समीक्षा कर कर्मचारियों के गुस्से को आवाज दी गई।

पदाधिकारियों ने बताया कि पुरानी पेंशन बहाली, संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण और अन्य जायज मांगों पर प्रबंधन केवल आश्वासन देता रहा, कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस उपेक्षा से प्रदेशभर के बिजली कर्मचारियों में आक्रोश की लहर है।

महासंघ ने ऐलान किया कि तीसरे चरण में 1 से 8 अक्टूबर तक कर्मचारी काली पट्टी बांधकर काम करेंगे, और 9 अक्टूबर को प्रदेशभर से हजारों कर्मचारी विशाल रैली, प्रदर्शन और आमसभा में शामिल होंगे।

क्षेत्रीय पदाधिकारियों ने जोश के साथ साझा किया कि आंदोलन को कर्मचारियों का जबरदस्त समर्थन मिल रहा है, जो अब जनआंदोलन का रूप ले चुका है। महासंघ ने चेतावनी दी कि यदि 9 अक्टूबर तक मांगें नहीं मानी गईं, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।

भारतीय मजदूर संघ के अखिल भारतीय मंत्री राधेश्याम जायसवाल ने कर्मचारियों से एकजुट रहने का आह्वान किया।

बैठक का संचालन प्रांतीय महामंत्री नवरतन बरेठ ने किया, और आभार प्रदर्शन तेज प्रताप सिन्हा ने किया।

महासंघ ने जोर देकर कहा कि कर्मचारियों की एकता उनकी ताकत है, और मांगों की पूर्ति तक यह संघर्ष जारी रहेगा। यह बैठक बिजली कर्मचारियों के हक की लड़ाई में नया जोश भरने वाली साबित हुई।