कोरबा में चोरों का आतंक: रिटायर्ड कर्मचारी और सब इंस्पेक्टर के घर में सेंध, जेवरात-नकदी चोरी

कोरबा। जिले में चोरी की वारदातें रुकने का नाम नहीं ले रही हैं। चोर खाली पड़े घरों और सुरक्षित मानी जाने वाली कॉलोनियों को लगातार निशाना बना रहे हैं। हाल ही में दो सनसनीखेज चोरी की घटनाओं ने शहरवासियों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।

पहली घटना: रिटायर्ड कर्मचारी के घर में सेंध

मानिकपुर चौकी क्षेत्र के एसईसीएल मेन रोड, DAV पब्लिक स्कूल के सामने स्थित सी-54 क्वार्टर में रहने वाले रिटायर्ड कर्मचारी रामाकांत शर्मा के घर चोरों ने सेंध लगाई। शर्मा, जो हाल ही में मानिकपुर खदान से फिटर पद से रिटायर हुए हैं, अपनी पत्नी के साथ पुणे गए थे, जहां उनके बेटे नौकरी करते हैं।

चोरों ने खाली घर का फायदा उठाकर मुख्य दरवाजे का ताला तोड़ा और अंदर घुसकर तीन आलमारियों से जेवरात व अन्य कीमती सामान चुरा लिया। वारदात को छुपाने के लिए चोरों ने घर में लगा CCTV कैमरा भी तोड़कर अपने साथ ले गए। पड़ोसियों ने टूटा ताला देखकर पुलिस और मालिक को सूचित किया।

मानिकपुर चौकी प्रभारी नवीन पटेल ने बताया कि मकान मालिक के लौटने के बाद चोरी गए सामान की पूरी जानकारी मिल सकेगी। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है।

दूसरी घटना: सब इंस्पेक्टर के घर में चोरी

सीएसईबी चौकी क्षेत्र के पंप हाउस में राजनांदगांव में पदस्थ सब इंस्पेक्टर नवल साहू के घर में भी चोरों ने सेंधमारी की। नौकरानी रामकुमारी के अनुसार, सोमवार सुबह जब वह सफाई के लिए पहुंची, तो मुख्य दरवाजे का ताला टूटा मिला। अंदर जांच करने पर अलमारी से नकदी और सोने-चांदी के जेवरात गायब थे।

आश्चर्यजनक रूप से, यह इस घर में चौथी चोरी की घटना है। पहले तीन बार चोरों ने आंगन से स्पोर्ट्स साइकिल चुराई थी, लेकिन इस बार नकदी और जेवरात पर हाथ साफ किया। घर के बाहर खड़ी एक्टिवा को चोरों ने नहीं छुआ, जिससे लगता है कि उनका निशाना केवल कीमती सामान था।

नवल साहू ने बताया कि नुकसान का सटीक आंकलन उनके लौटने के बाद ही हो सकेगा। सीएसईबी चौकी पुलिस ने मौके का मुआयना किया, लेकिन अभी तक कोई ठोस सुराग नहीं मिला है।

पुलिस की कार्रवाई और जनता में दहशत

कोरबा एसपी भूषण एक्का ने बताया कि दोनों मामलों को गंभीरता से लिया गया है और पुलिस टीमें चोरों का सुराग तलाश रही हैं। उन्होंने दावा किया कि जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।

इन घटनाओं ने शहरवासियों में असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है। लोग कॉलोनियों में चौकसी बढ़ाने और पुलिस गश्त तेज करने की मांग कर रहे हैं।