त्योहार के समय देश मे मिलावट का बाजार तेजी से बढ़ जाता है। दरअसल, इन दौरान खाने-पीने की चीज़ों की डिमांड तेजी से बढ़ जाती है। बाजार में दूध, घी और मावे से बनी मिठाईयां जोरों शोरों से बिक्री होती हैं। इनकी बढ़ती मांग की वजह से मिलावट और तेजी से होने लगी है। सिर्फ दूध और मावा में ही नहीं बल्कि कई चीज़ों में मिलावट किया जा रहा है।
पनीर में सोयाबीन पाउडर की मिलावट, मावा में कुट्टू का आटा, मिठाई पर लगने वाले सिल्वर वर्क में 80% तक एल्यूमिनियम तो गोलगप्पे का स्वाद बढ़ाने के लिए टॉयलेट क्लीनर का इस्तेमाल।
इतना ही नहीं नो कोलेस्ट्रॉल के नाम पर जो तेल बिक रहे हैं उसमें 100% फैट मिला है। होलग्रेन-मल्टीग्रेन ब्रेड में रिफाइंड आटा तो नो एडेड शुगर वाली चीजें बस कहने के लिए हैं क्योंकि उनके सैम्पल टेस्ट में हाई ‘फ्रैक्टोज सिरप’ मिला है।
यानी इस समय देश में मिलावट का भंडार चल रहा है। मिलावटी खाद्य पदार्थों का सेवन सेहत के लिए नुकसानदायक होता है। धीरे-धीरे स्वास्थ्य पर इसका बुरा प्रभाव पड़ता है। चलिए जानते हैं मिलावट खाद्य पदार्थ का सेवन करने से किन अंगों पर सबसे ज़्यादा बुरा प्रभाव पड़ता है?
मिलावटी फूड्स का सेवन करने से इन अंगों पर पड़ता है बुरा असर:
पाचन क्रिया पर पड़ता है बुरा असर: मिलावटी खाना खाने का सबसे बुरा असर हमारे पाचन तंत्र पर पड़ता है। मुंह से लेकर बड़ी आंत में जान होती है और सूजन भी आ जाता है और हाज़मा पूरी तरह खराब हो जाता है।
एलर्जी: मिलावटी खाद्य पदार्थ का सेवन करने से एलर्जी और स्किन से जुड़ी कई समस्याएं तेजी से बढ़ती है। अगर बाज़र की कोई चीज़ खाने के बाद आपको स्किन पर खुजली या जलन होने लगे तो सावधान हो जाना चाहिए।
दिल की हालत होती है खराब: मिलावटी खाना खाने की वजह से दूषित पदार्थ हृदय तक पहुंच जाते हैं। जिस कारण हृदय के काम करने की क्षमता पर बुरा प्रभाव पड़ता है।
किडनी: मिलावटी खाद्य पदार्थ रक्त के ज़रिये शरीर में जाता है तो किडनी उसे रक्त से अलग करने का काम करती है और इस वजह से उस्मने मौजूद हानिकारक तत्व किडनी को नुकसान पहुंचाते हैं।
Editor – Niraj Jaiswal
Mobile – 9754876042
Email – urjadhaninewskorba@gmail.com
Address – Press Complex, T.P. Nagar, Korba C.G. 495677

