जल संरक्षण के लिए छोटी-छोटी सावधानियां जरूरी, एचटीपीएस में दिया संदेश

जलस्रोतों के संरक्षण और पुनरुद्धार पर जोर, वर्षा जल संचयन व पौधरोपण को बताया महत्वपूर्ण उपाय

कोरबा। जल संरक्षण को लेकर जनजागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से हसदेव ताप विद्युत गृह (एचटीपीएस), कोरबा पश्चिम में बुधवार को जल संरक्षण एवं संवर्धन विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रसायनज्ञ देवेश दुबे ने पॉवर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से जल संरक्षण की आवश्यकता और इसे दैनिक जीवन में अपनाने के विभिन्न उपायों की जानकारी दी।

विद्युत संयंत्र के ओआरटी सभाकक्ष क्रमांक-1 में आयोजित कार्यक्रम में देवेश दुबे ने कहा कि जल केवल मानव जीवन के लिए ही नहीं, बल्कि पृथ्वी पर मौजूद समस्त जीव-जंतुओं और पारिस्थितिकी तंत्र के लिए आवश्यक संसाधन है। पृथ्वी पर उपलब्ध स्वच्छ भूजल एवं सतही जल सीमित है। ऐसे में जल का विवेकपूर्ण उपयोग करने के साथ जलस्रोतों को प्रदूषण से बचाना भी जरूरी है।

रिसाव रोकना भी जल संरक्षण का अहम हिस्सा
उन्होंने बताया कि जल संरक्षण के लिए बड़े प्रयासों के साथ दैनिक जीवन में की जाने वाली छोटी-छोटी सावधानियां भी महत्वपूर्ण हैं। खुले नलों को तत्काल बंद करना, नलों एवं पाइपलाइनों के रिसाव को समय पर ठीक कराना और पानी के अनावश्यक उपयोग को रोकना जल बचाने के प्रभावी उपाय हैं। कृषि क्षेत्र में पानी की बचत के लिए बेहतर एवं आधुनिक सिंचाई पद्धतियों को अपनाने पर भी जोर दिया गया।

वर्षा जल संचयन से जलस्रोतों को मिलेगा सहारा
देवेश दुबे ने जल संरक्षण के साथ जलस्रोतों के पुनरुद्धार की आवश्यकता भी बताई। उन्होंने कहा कि वर्षा जल संचयन, पौधरोपण, नदियों एवं आर्द्रभूमियों का संरक्षण तथा प्रदूषित जलाशयों की सफाई जैसे प्रयास जलस्रोतों को पुनर्जीवित करने में सहायक हो सकते हैं। इन उपायों के माध्यम से भूजल स्तर को बनाए रखने और भविष्य में जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में योगदान दिया जा सकता है।

उन्होंने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों से जल संरक्षण को केवल अभियान तक सीमित न रखते हुए इसे दैनिक व्यवहार का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में अतिरिक्त मुख्य अभियंता एमके गुप्ता, आरके पांडे, एके शाह, केएनबी राव, एसके नायर, एससी पाठक, परियोजना प्रबंधक एसके पंड्या तथा वरिष्ठ मुख्य रसायनज्ञ एके कुरनाल सहित बड़ी संख्या में वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।