एनटीपीसी में ठेका कंपनियों पर मनमानी के आरोप, श्रमिकों को दी जा रही धमकी

सरकारी दर से वेतन मांगने पर नौकरी से निकालने की चेतावनी, दर्री थाने पहुंची शिकायत

कोरबा।एनटीपीसी की कोरबा परियोजना में कार्यरत ठेका कंपनियों पर श्रमिकों ने गंभीर आरोप लगाए हैं। मजदूरों का कहना है कि कंपनियां सरकारी निर्धारित पारिश्रमिक देने के बजाय मनमाने तरीके से कम वेतन दे रही हैं और विरोध करने पर उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी दी जा रही है।

श्रमिकों ने दर्री थाना पहुंचकर एसईपीएल, नवरूप इंडिया, बेगिन, केसीपीएल और आरवीपीआर जैसी ठेका कंपनियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि लंबे समय से कार्यरत होने के बावजूद उन्हें उनके अधिकारों के अनुसार वेतन नहीं दिया जा रहा।

मजदूरों का कहना है कि कोरबा जोन को सरकार द्वारा बी केटेगरी में शामिल किया गया है, लेकिन कंपनियां इसे सी केटेगरी बताकर कम भुगतान कर रही हैं। जब श्रमिक बी केटेगरी के अनुसार वेतन की मांग करते हैं, तो उन्हें नोटिस थमा दिया जाता है या नौकरी से निकालने की धमकी दी जाती है।

कुछ मामलों में कंपनियों द्वारा श्रमिकों को काम से हटाए जाने की भी बात सामने आई है। श्रमिकों का आरोप है कि यह सब उन्हें दबाव में रखकर कम वेतन पर काम कराने की रणनीति का हिस्सा है।

इस पूरे मामले को लेकर श्रमिकों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। उनका कहना है कि वे लंबे समय से शोषण का सामना कर रहे हैं, लेकिन अब तक न तो कोई जनप्रतिनिधि और न ही कोई श्रमिक संगठन उनकी आवाज उठाने सामने आया है।