शतचंडी महायज्ञ से पहले निकाली कलश यात्रा, सीतामढ़ी में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

कोरबा। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर सीतामढ़ी क्षेत्र में निरंजनी अखाड़ा की ओर से आयोजित शतचंडी महायज्ञ से पहले गुरुवार को भव्य कलश यात्रा निकाली गई। सुबह चंडिका मंदिर से गाजे-बाजे के साथ शुरू हुई इस यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाओं और बालिकाओं ने सिर पर कलश धारण कर भाग लिया।

रानी घाट पहुंचकर भरा जल
कलश यात्रा चंडिका मंदिर से शुरू होकर रानी घाट तक पहुंची, जहां महिलाओं ने पवित्र जल से कलश भरे। इसके बाद यात्रा वापस सीतामढ़ी पहुंची। वरुण पूजन के बाद धार्मिक अनुष्ठानों की शुरुआत होगी। पूरे मार्ग में भक्तों ने जयकारे लगाए और भक्ति का माहौल बना रहा।

1982 से चली आ रही है परंपरा
मंदिर के पुरोहित ने बताया कि यह कार्य 1982 से लगातार चल रहा है। कालांतर में यहां की प्रमुख सेवादार ने निरंजनी अखाड़ा को यह परिसर सौंप दिया था। तब से अखाड़ा की ओर से यह महायज्ञ आयोजित किया जा रहा है।

क्षेत्र के लोगों का मिल रहा सहयोग
आयोजकों ने बताया कि शतचंडी महायज्ञ के सफल आयोजन के लिए क्षेत्र के सभी लोगों का भरपूर सहयोग प्राप्त हो रहा है। कलश यात्रा में महिलाओं के अलावा पुरुष भी बड़ी संख्या में शामिल हुए।

नवरात्रि के पहले दिन से ही सीतामढ़ी क्षेत्र में भक्ति का माहौल देखने को मिल रहा है। शतचंडी महायज्ञ के आयोजन से पूरे क्षेत्र में धार्मिक उल्लास का संचार हो गया है। आगामी नौ दिनों तक विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया जाएगा।