कोरबा: पुराना बस स्टैंड पर विदेशी मदिरा दुकान हटाने की मांग पर मंत्री देवांगन ने आबकारी अधिकारियों को दिए निर्देश

कोरबा।शहर के पुराना बस स्टैंड क्षेत्र में स्थित विदेशी मदिरा दुकान को अन्यत्र स्थानांतरित करने की लंबे समय से चली आ रही मांग पर आखिरकार प्रदेश के आबकारी मंत्री एवं कोरबा विधायक लखनलाल देवांगन ने संज्ञान लिया है।

विभिन्न व्यापारी संगठनों,धार्मिक समितियों और स्थानीय निवासियों की ओर से लगातार की जा रही मांग पर मंत्री ने तत्काल आबकारी विभाग के अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

व्यापारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री लखनलाल देवांगन से मुलाकात कर शराब दुकान हटवाने संबंधी आवेदन सौंपा था। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को विभिन्न संगठनों द्वारा लिखे गए पत्र भी सौंपे। श्री देवांगन ने मौके पर ही आबकारी अधिकारी को टिप्पणी करते हुए दुकान को स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू करने के स्पष्ट निर्देश दिए।

प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को धन्यवाद देते हुए आग्रह किया कि इस मामले में गंभीरता बरती जाए और जल्द से जल्द कार्रवाई पूरी हो।

इसके अलावा वार्ड क्रमांक 12 की पार्षद श्रीमती सुलोचना यादव ने भी लिखित सहमति दी है और शराब दुकान हटवाने के पक्ष में पत्र लिखा है।

जिला चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज, रोटरी क्लब कोरबा, मध्य नगरीय व्यापारी संघ, सरस्वती शिशु मंदिर पुराना बस स्टैंड, गुरु सिंह सभा इतवारी बाजार, श्री श्याम मित्र मंडल, श्री पंचदेव मंदिर सेवा समिति, श्री श्वेतांबर जैन समिति, श्री राम जानकी मंदिर पुराना बस स्टैंड सहित कई संगठनों ने भी कलेक्टर कुणाल दुदावत के नाम आवेदन सौंपे हैं। संगठन प्रमुखों ने अपर कलेक्टर से भी मुलाकात कर आग्रह किया है कि दुकान को संवेदनशील क्षेत्र से हटाया जाए।

सभी संगठनों का एकमत मत है कि पुराना बस स्टैंड के समीप स्थित यह मदिरा दुकान अत्यंत घनी आबादी, मंदिरों, विद्यालयों और प्रमुख व्यापारिक प्रतिष्ठानों के निकट है। यह क्षेत्र शहर का मुख्य आवागमन केंद्र होने के कारण यहां दिनभर महिलाओं, विद्यार्थियों, परिवारों और आम नागरिकों का आवागमन रहता है।

दुकान के कारण क्षेत्र में असामाजिक तत्वों का जमावड़ा, गाली-गलौज, झगड़े-मारपीट, शराबी लोगों द्वारा उत्पात जैसी घटनाएं नियमित रूप से होती हैं, जिससे स्थानीय निवासियों, खासकर महिलाओं और बालिकाओं को असुरक्षा का अहसास होता है। इससे सामाजिक वातावरण दूषित होने के साथ यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होती है और आसपास के स्कूल-कॉलेज के विद्यार्थियों पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है।

सभी पक्षों की मांग है कि दुकान को किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर शिफ्ट किया जाए ताकि क्षेत्र में सुरक्षित, स्वस्थ और सौहार्दपूर्ण वातावरण बहाल हो सके। अब मामला पूरी तरह आबकारी विभाग और जिला प्रशासन के समक्ष है, जहां से शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।