कोल इंडिया ने ठेका श्रमिकों के लिए उठाया बड़ा कदम, बीमा, आवास और बच्चों की शिक्षा के लिए दी जाएंगी सुविधाएं

कोरबा।कोल इंडिया निदेशक मंडल ने अपनी अनुषंगिक कंपनियों में कार्यरत ठेका श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के तहत ठेका श्रमिकों को बीमा, आवास, चिकित्सा, और उनके बच्चों की शिक्षा के लिए कई सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।

बीमा और आवास सुविधा

निर्देशों के अनुसार, ठेका श्रमिकों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, और भारतीय डाक दुर्घटना बीमा योजना से जोड़ा जाएगा। जिन कंपनियों में ठेका श्रमिकों को आवास सुविधा नहीं मिल रही है, वहां ठेकेदारों के माध्यम से आवास उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए श्रमिक शिविरों के निर्माण हेतु आवश्यक स्थान प्रदान करने के निर्देश दिए गए हैं। तीन साल से अधिक समय से कार्यरत ठेका श्रमिकों को कंपनी के खाली आवास न्यूनतम किराए और जमानत राशि पर उपलब्ध कराए जाएंगे।

शिक्षा और चिकित्सा में राहत

ठेका श्रमिकों के बच्चों को कंपनी द्वारा वित्त पोषित स्कूलों में नियमित कर्मचारियों की तरह रियायती ट्यूशन फीस का लाभ मिलेगा। साथ ही, आईटीआई, एनआईटी, सरकारी मेडिकल, इंजीनियरिंग, और पॉलिटेक्निक कॉलेजों में प्रवेश पाने वाले बच्चों को ट्यूशन फीस में 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इसके अलावा, ठेका श्रमिकों की पत्नी और 18 वर्ष तक के बच्चों को अनुबंध अवधि तक कंपनी के अस्पतालों में ओपीडी चिकित्सा सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।

जागरूकता और सीएसआर पहल

ठेका श्रमिकों को जुआ, शराब, और अंधाधुंध उधार लेने जैसी बुरी आदतों के दुष्परिणामों के बारे में समय-समय पर जागरूक किया जाएगा। साथ ही, उनकी पत्नियों के शैक्षिक स्तर को बेहतर बनाने के लिए कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) के तहत विशेष प्रयास किए जाएंगे।

ठेका श्रमिकों के लिए नई उम्मीद

कोल इंडिया के इस कदम से कोरबा सहित अन्य क्षेत्रों में कार्यरत हजारों ठेका श्रमिकों और उनके परिवारों को सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा मिलने की उम्मीद है। यह पहल न केवल उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाएगी, बल्कि उनकी कार्यक्षमता और सामाजिक स्थिति को भी मजबूती प्रदान करेगी।