18 सूत्रीय मांगों को लेकर निगम के अधिकारियों-कर्मचारियों का धरना प्रदर्शन

कोरबा।नगरीय निकायों के अधिकारी-कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन कर शासन का ध्यान आकर्षित किया। कर्मचारियों ने वेतन संशोधन, पदोन्नति, नियमितीकरण, पेंशन सहित 18 सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से उठाते हुए मांगों के निराकरण की मांग की। संगठन ने आंदोलन को आगे बढ़ाते हुए आगामी 9 अक्टूबर को रायपुर के गांधी मैदान में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन आयोजित करने की घोषणा की है।

संगठन की ओर से जारी मांग पत्र में नगरीय निकाय कर्मचारियों के लिए तीन स्तरीय वेतन संशोधन लागू करने की मांग प्रमुख रूप से शामिल है। इसके अलावा दैनिक वेतनभोगी, अस्थायी एवं संविदा कर्मचारियों को नियमित कर स्थायी सेवा का लाभ देने तथा पदोन्नति के रिक्त पदों को जल्द भरने की मांग की गई है। संगठन ने वर्ष में कम से कम दो बार पदोन्नति प्रक्रिया आयोजित करने की मांग भी रखी है।

कर्मचारियों ने मूल्य स्तर के अनुरूप भत्ता देने, अवशेष कर्म एवं देयकों का भुगतान सुनिश्चित करने तथा प्लेसमेंट एवं आउटसोर्सिंग पर रोक लगाने की मांग की है। सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लंबित देयकों का समय पर भुगतान और नगरीय निकायों के रिक्त पदों पर 50 प्रतिशत भर्ती तथा 50 प्रतिशत पदोन्नति के माध्यम से नियुक्ति की मांग भी उठाई गई।

सेवा शर्तों और सुविधाओं में सुधार की मांग
संगठन ने पदोन्नति के लिए निर्धारित न्यूनतम सेवा अवधि एवं अनुभव संबंधी प्रावधानों में सरलीकरण की मांग की है। कर्मचारियों की सेवा शर्तों, अवकाश एवं भत्तों को अन्य विभागों के कर्मचारियों के समकक्ष करने की मांग भी रखी गई है।

महिला कर्मचारियों के लिए आवश्यक विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ सभी कर्मचारियों को पहचान पत्र, यूनिफॉर्म और सुरक्षा उपकरण प्रदान करने की मांग की गई। वहीं संविदा कर्मचारियों के मानदेय का पुनरीक्षण कर उसे नियमित कर्मचारियों के समकक्ष करने की मांग भी शामिल है।

ओपीएस और डिजिटल प्रशिक्षण की मांग
उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहन राशि एवं सम्मान देने, पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) को पुनः लागू करने तथा डिजिटल कार्यप्रणाली के लिए कर्मचारियों को आवश्यक प्रशिक्षण एवं तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी संगठन ने उठाई है।

कर्मचारियों का कहना है कि नगरीय निकायों की कार्यप्रणाली में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है, इसलिए उनकी सेवा संबंधी समस्याओं और लंबित मांगों का शासन स्तर पर शीघ्र निराकरण किया जाना आवश्यक है। इसी क्रम में संगठन ने 9 अक्टूबर को रायपुर में प्रस्तावित धरना प्रदर्शन के जरिए अपनी मांगों को शासन तक पहुंचाने की तैयारी की है।