राखी बनाओ प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने दिखाई सृजनात्मक प्रतिभा, तनय अग्रवाल रहे प्रथम

सरस्वती शिशु मंदिर एचटीपीपी दर्री में रक्षाबंधन पर रचनात्मक गतिविधियों के साथ करियर गाइडेंस कार्यक्रम

कोरबा। रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर सरस्वती शिशु मंदिर एचटीपीपी दर्री में विद्यार्थियों की सृजनात्मक प्रतिभा को मंच देने और उन्हें भविष्य के लिए सही दिशा प्रदान करने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। राखी बनाओ प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी कला, कल्पनाशीलता और रचनात्मक कौशल का शानदार प्रदर्शन किया।

प्रतियोगिता में तनय अग्रवाल ने प्रथम स्थान प्राप्त कर बाजी मारी। आशी ठाकुर द्वितीय तथा सान्वी यादव तृतीय स्थान पर रहीं। विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई आकर्षक एवं कलात्मक राखियों ने भारतीय संस्कृति और पर्व के प्रति उनकी रुचि को भी प्रदर्शित किया।

रचनात्मकता के साथ भविष्य की राह भी दिखाई

विद्यालय में आयोजित करियर गाइडेंस कार्यक्रम में प्रवक्ता उल्लास नायर ने विद्यार्थियों को विभिन्न करियर क्षेत्रों, विषय चयन, प्रतियोगी परीक्षाओं तथा उच्च शिक्षा के बाद उपलब्ध अवसरों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि भविष्य का लक्ष्य निर्धारित करते समय केवल रुचि ही नहीं, बल्कि अपनी योग्यता, क्षमता, व्यक्तित्व, रुचि और भविष्य की संभावनाओं को भी ध्यान में रखना चाहिए।

उन्होंने विद्यार्थियों को सही समय पर करियर संबंधी जानकारी हासिल करने और अपनी रुचि के क्षेत्र में निरंतर मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी एवं उपलब्ध विभिन्न विकल्पों के बारे में भी विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया।

पढ़ाई के साथ प्रतिभा निखारना जरूरी : प्राचार्य

विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती सुषमा बारस्कर ने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए केवल पाठ्यक्रम आधारित शिक्षा पर्याप्त नहीं है। पढ़ाई के साथ रचनात्मक, सांस्कृतिक एवं ज्ञानवर्धक गतिविधियां विद्यार्थियों के व्यक्तित्व को बेहतर ढंग से विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है तथा उनमें आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और नई चीजें सीखने की जिज्ञासा विकसित होती है। वहीं समय रहते करियर संबंधी मार्गदर्शन मिलने से विद्यार्थी अपनी रुचि और क्षमता के अनुरूप भविष्य की बेहतर योजना बना सकते हैं।

दोनों कार्यक्रम प्राचार्य श्रीमती सुषमा बारस्कर के निर्देशन में आयोजित किए गए। विद्यालय परिवार ने प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों सहित सभी प्रतिभागियों की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।