तालाब और डब्ल्यूटीपी में मॉकड्रिल, आपदा से निपटने की तैयारियां परखी

राधासागर तालाब में जलजनित आपदा और कोहड़िया WTP में क्लोरीन गैस रिसाव का किया अभ्यास

कोरबा।जिला प्रशासन ने संभावित आपदाओं से निपटने की तैयारियों और राहत-बचाव दल की कार्यक्षमता परखने के लिए गुरुवार को कटघोरा में दो अलग-अलग स्थानों पर मॉकड्रिल आयोजित की। राधासागर तालाब में जलजनित आपदा तथा कोहड़िया स्थित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में क्लोरीन गैस रिसाव की काल्पनिक परिस्थितियां निर्मित कर राहत एवं बचाव अभियान का अभ्यास किया गया।

राधासागर तालाब में चला रेस्क्यू ऑपरेशन
राधासागर तालाब में भारी बारिश के कारण जलस्तर बढ़ने और कुछ लोगों के पानी में फंसने की काल्पनिक स्थिति बनाई गई। सूचना मिलते ही रेस्क्यू टीम तत्काल मौके पर पहुंची और बचाव अभियान शुरू किया।

प्रशिक्षित गोताखोरों एवं रेस्क्यू टीम ने नाव, लाइफ जैकेट और रस्सियों की सहायता से पानी में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का अभ्यास किया। सबसे पहले पानी में फंसे लोगों की पहचान की गई, इसके बाद बचाव दल ने रस्सियों और लाइफ जैकेट की मदद से उन्हें सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया।

मॉकड्रिल के माध्यम से यह प्रदर्शित किया गया कि बाढ़ अथवा जलजनित आपदा की वास्तविक स्थिति में रेस्क्यू टीम किस प्रकार तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रभावित लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल सकती है।

क्लोरीन गैस रिसाव की स्थिति में ऑपरेशन का अभ्यास
इसी तरह कोहड़िया स्थित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में क्लोरीन गैस रिसाव की काल्पनिक स्थिति तैयार की गई। मॉकड्रिल के दौरान गैस रिसाव की सूचना मिलने के बाद संबंधित दलों द्वारा की जाने वाली कार्रवाई, बचाव और राहत व्यवस्था का अभ्यास किया गया।

इस दौरान विभिन्न विभागों के बीच समन्वय, प्रभावित क्षेत्र में बचाव कार्य तथा आपात स्थिति में बड़े स्तर पर ऑपरेशन संचालित करने की प्रक्रिया को परखा गया।

मॉकड्रिल में कटघोरा अपर कलेक्टर ओंकार यादव, एसडीएम टी.आर. भारद्वाज, तहसीलदार सूर्य प्रकाश केशकर, नायब तहसीलदार, कटघोरा थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू, एसआई राजेन्द्र प्रताप सिंह, प्रधान आरक्षक अनुज सिंह सहित प्रशासन और पुलिस के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।