महज 8 माह में पूरी हुई सुनवाई, पॉक्सो कोर्ट ने सुनाया कड़ा फैसला
कोरबा। सिविल लाइन थाना क्षेत्र के गोकुलनगर हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में छात्रा के साथ दुष्कर्म के मामले में अदालत ने ट्यूशन शिक्षक को 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश (एफटीसी) सीमा प्रताप चंद्रा की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए अर्थदंड भी लगाया है। मामले की सुनवाई महज आठ माह में पूरी कर फैसला सुनाया गया।
विशेष लोक अभियोजक सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि आरोपी नरेंद्र कुमार उर्फ नरेंद्र शर्मा उर्फ नागेंद्र, मूलतः बिहार के मोतिहारी जिले का निवासी है और गोकुलनगर स्थित अपने घर में बच्चों को ट्यूशन पढ़ाता था। 27 अक्टूबर 2025 की शाम पीड़िता ट्यूशन पढ़ने उसके घर गई थी।
आरोप है कि आरोपी ने अन्य विद्यार्थियों को घर भेजकर छात्रा को अकेला पाकर उसके साथ गलत कृत्य किया।
घटना के बाद छात्रा किसी तरह घर पहुंची और परिजनों को पूरी जानकारी दी। शिकायत मिलने पर पुलिस ने तत्काल मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 64 तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 4 के तहत अपराध दर्ज किया गया था।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने महत्वपूर्ण गवाह और साक्ष्य प्रस्तुत किए, जिन्हें अदालत ने पर्याप्त और विश्वसनीय माना। इसके आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास और एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
अदालत ने आदेश में स्पष्ट किया है कि अर्थदंड जमा नहीं करने की स्थिति में दोषी को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इस फैसले को बाल संरक्षण और महिला सुरक्षा के मामलों में एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय माना जा रहा है।
Editor – Niraj Jaiswal
Mobile – 9754876042
Email – urjadhaninewskorba@gmail.com
Address – Press Complex, T.P. Nagar, Korba C.G. 495677

