सिकलसेल और हृदय रोगों को लेकर पत्रकारों का उन्मुखीकरण

यूनिसेफ और एमसीसीआर ट्रस्ट के कार्यक्रम में स्वास्थ्य जागरूकता पर जोर, 48 पत्रकार हुए शामिल

कोरबा। सिकल सेल रोग, बाल मधुमेह, जन्मजात हृदय रोग और मातृ-शिशु स्वास्थ्य जैसे गंभीर विषयों पर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से एमसीसीआर ट्रस्ट द्वारा यूनिसेफ के तकनीकी सहयोग से क्षेत्रीय संवाद एवं उन्मुखीकरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कोरबा और आसपास के 48 पत्रकारों ने भाग लेकर स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं।

कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने बच्चों में बढ़ते गैर-संचारी रोगों की चुनौती, उनकी समय पर पहचान और उपचार की आवश्यकता पर विस्तार से जानकारी दी। साथ ही यह भी बताया गया कि मीडिया समाज में जागरूकता फैलाने और स्वास्थ्य के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

विशेषज्ञों ने कहा कि मीडिया केवल सूचना देने का माध्यम नहीं, बल्कि सामाजिक व्यवहार परिवर्तन का मजबूत स्तंभ है। संवेदनशील और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग के जरिए समाज में स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सकती है।

संवाद कार्यक्रम में सिकल सेल रोग की समय पर जांच, नियमित उपचार, बच्चों में टाइप-1 मधुमेह के शुरुआती लक्षणों की पहचान तथा जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बच्चों के शीघ्र उपचार और रेफरल पर विशेष चर्चा की गई। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की सतत निगरानी, पूर्ण टीकाकरण, पोषण और एनीमिया नियंत्रण को भी जरूरी बताया गया।

कार्यक्रम में शुभि मिश्रा, गजेंद्र सिंह, अरविंद भारती, स्वास्थ्य विशेषज्ञों, यूनिसेफ की टीम तथा डॉ. डी. श्याम कुमार और एमसीसीआर ट्रस्ट का विशेष सहयोग रहा।

विशेषज्ञों ने कहा कि मीडिया, स्वास्थ्य विभाग और समुदाय के संयुक्त प्रयासों से स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी अधिक प्रभावी ढंग से आमजन तक पहुंचाई जा सकती है, जिससे समय पर उपचार और स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ अधिक प्रभावी ढंग से आमजन तक पहुंचाया जा सकता है।