2 लाख तक के कार्यों में स्थानीय युवाओं को मौका मिले: एसईसीएल सीएमडी से मांग

कोरबा। एसईसीएल की सभी इकाइयों में पूर्व की तरह 2 लाख रुपये तक के निविदा कार्यों को फिर से सुचारू रूप से बहाल करने की मांग उठी है। इसके साथ ही क्षेत्र के भू-विस्थापित बेरोजगार युवाओं और कोल इंडिया की अनुषांगिक कंपनियों में कार्यरत मजदूरों के पुत्रों को प्राथमिकता देने की बात कही गई है।

इस संबंध में एसईसीएल के सीएमडी हरीश दुहन को पत्र भेजा गया है।

छत्तीसगढ़ युवक कांग्रेस के महामंत्री रजनीश तिवारी ने पत्र लिखकर कहा है कि एसईसीएल प्रबंधन विभागीय और आवश्यक कार्यों को त्वरित रूप से पूरा कराने के लिए लंबे समय से क्षेत्रीय स्तर के स्थानीय ठेकेदारों को अवसर देता रहा है। इसमें 2 लाख रुपये तक के कार्य भी शामिल रहे हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि हाल ही में प्रबंधन ने नीति बदलते हुए छोटे कार्यों के लिए भी टेंडर प्रक्रिया अनिवार्य कर दी है। इससे विस्थापित परिवारों, मजदूरों के बेरोजगार पुत्रों और वर्षों से कार्य कर रहे स्थानीय ठेकेदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

पत्र में मांग की गई है कि 2 लाख रुपये तक के कार्यों के लिए जल्द से जल्द नियमित रूप से कार्य आदेश जारी किए जाएं, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर मिल सकें और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके।