गर्ल्स हॉस्टल में छात्राओं की बिगड़ी तबीयत पर प्रशासन अलर्ट, स्वास्थ्य परीक्षण के बाद अंधविश्वास से बचने की अपील

कोरबा–पोड़ी उपरोड़ा।कोरबा जिले के पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड स्थित 100 सीटर कन्या छात्रावास में छात्राओं की तबीयत बिगड़ने और असामान्य हरकतों की सूचना मिलने के बाद प्रशासन सक्रिय हो गया है। भूत-प्रेत की आशंका जताते हुए बैगा बुलाए जाने की खबर सामने आने पर अधिकारियों ने तत्काल हस्तक्षेप किया।

एसडीएम मनोज बंजारे के निर्देश पर तहसीलदार विनय देवांगन, नायब तहसीलदार सुमन दास मानिकपुरी एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम शुक्रवार को छात्रावास पहुंची और छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया। जांच दल में डॉ. अविनाश कश्यप भी शामिल रहे।

स्वास्थ्य परीक्षण में अधिकांश छात्राओं की स्थिति सामान्य पाई गई, जबकि कुछ बच्चियों में निमोनिया जैसी शिकायत सामने आई। तहसीलदार विनय देवांगन ने संबंधित छात्राओं के समुचित उपचार के निर्देश दिए।

डॉक्टरों ने बताया कि कमजोरी, मानसिक दबाव और परीक्षा संबंधी तनाव के कारण भी इस तरह के लक्षण दिखाई दे सकते हैं, जिन्हें सामान्यतः असामान्य व्यवहार समझ लिया जाता है।

बताया जा रहा है कि बीते कुछ दिनों से 10 से 12 छात्राओं की तबीयत बिगड़ने और असामान्य हरकतों की बातें सामने आ रही थीं। सूचना पर परिजन हॉस्टल पहुंचे। कुछ अभिभावकों ने अंधविश्वास के चलते बैगा को बुलाकर झाड़-फूंक कराने का प्रयास किया। स्थिति को देखते हुए कुछ परिजन अपनी बच्चियों को घर ले गए, वहीं कई अभिभावकों ने बच्चों को गांव ले जाकर घर से परीक्षा दिलाने का निर्णय लिया है।

तहसीलदार ने कहा कि घर गई छात्राओं से भी मुलाकात कर उनकी स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली जाएगी और परिजनों में फैली भ्रांतियों को दूर किया जाएगा। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार निगरानी रखे हुए है।

अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि अंधविश्वास से दूर रहकर वैज्ञानिक सोच अपनाएं और छात्राओं के स्वास्थ्य व भविष्य को प्राथमिकता दें।