सरकारी नौकरी के साथ कौशल विकास पर दें ध्यान, युवाओं के लिए अवसर बढ़ेंगे: कलेक्टर कुणाल दुदावत

कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने युवाओं से अपील की है कि वे केवल सरकारी या कॉर्पोरेट नौकरियों पर ही निर्भर न रहें, बल्कि समय की मांग के अनुसार अपने कौशल का विकास करें। उन्होंने कहा कि पढ़ाई-लिखाई और डिग्री के साथ-साथ रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण आज की आवश्यकता है, क्योंकि सरकारी नौकरियों में अवसर सीमित हैं और प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है।

श्रम, उद्योग एवं कौशल विकास विभाग की योजनाओं की समीक्षा बैठक के दौरान कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे विभिन्न योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करें और अधिक से अधिक युवाओं को इनसे जोड़ें।

उन्होंने सोलर पैनल इंस्टॉलेशन, कमर्शियल ड्राइवर, मोबाइल रिपेयरिंग, स्मार्ट मीटर इंस्टॉलेशन जैसे रोजगारोन्मुखी कोर्स में युवाओं को प्रशिक्षण देकर उनके कौशल उन्नयन पर विशेष ध्यान देने की बात कही।

कलेक्टर ने विभागीय अधिकारियों को इंडस्ट्री पार्टनर्स के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप ट्रेड्स में प्रशिक्षण देने, आजीविका से जुड़े सतत एवं दीर्घकालिक परिणाम सुनिश्चित करने तथा कुशल मानव संसाधन तैयार करने के निर्देश दिए। इसके लिए एक व्यवस्थित एवं दीर्घकालीन कार्ययोजना बनाकर प्रभावी क्रियान्वयन पर भी जोर दिया गया।

उन्होंने नई औद्योगिक नीति के तहत युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता से जोड़ने, स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने तथा स्वरोजगार योजनाओं के अंतर्गत लाभार्थियों को बैंक ऋण और सब्सिडी उपलब्ध कराने में सहयोग करने के निर्देश दिए। साथ ही आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया।

बैठक में अपर कलेक्टर कटघोरा ओंकार यादव, लाइवलीहुड कॉलेज के प्राचार्य सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।