केराझरिया में शुरू हुआ नया आजीविका सेवा केंद्र: ग्रामीण महिलाओं को एक ही छत के नीचे मिलेंगी सभी आजीविका सेवाएं

कोरबा। छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान के तहत ग्राम पंचायत केराझरिया में एकीकृत कृषि संकुल योजना के अंतर्गत स्थापित आजीविका सेवा केंद्र का भव्य उद्घाटन किया गया। इस नए केंद्र के शुरू होने से ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं और स्व सहायता समूहों को एक ही स्थान पर कृषि, पशुपालन, गैर कृषि उद्यम और स्वरोजगार से जुड़ी सभी आवश्यक सेवाएं उपलब्ध होंगी।

उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि जिला पंचायत सीईओ दिनेश कुमार नाग ने कहा कि आजीविका सेवा केंद्र ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और परिवारों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

उन्होंने बताया कि यह केंद्र किसानों एवं महिला समूहों को तकनीकी मार्गदर्शन, उच्च गुणवत्ता वाले इनपुट, प्रशिक्षण, उपकरण सुविधा और बाजार से जोड़ने में सहायक सिद्ध होगा। यह पहल लखपति दीदी लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में भी एक बड़ा कदम है।

जिला मिशन प्रबंधक अनुराग जैन ने केंद्र की अवधारणा को विस्तार से समझाते हुए बताया कि यहां खेती, पशुपालन, मत्स्य पालन, गैर कृषि और सूचना उद्योग से जुड़ी सभी सेवाएं, जानकारी और संसाधन एक छत के नीचे उपलब्ध होंगे।

जिला कार्यक्रम प्रबंधक चिराग ठक्कर ने जानकारी दी कि आजीविका सेवा केंद्र के माध्यम से स्व सहायता समूह की बहनों को कौशल विकास, उद्यम प्रबंधन, लेखा-जोखा, पैकेजिंग और ब्रांडिंग का विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, जिससे वे अपने उत्पादों को बेहतर तरीके से बाजार तक पहुंचा सकें और आत्मनिर्भर बन सकें।

केराझरिया के इस नए सेवा केंद्र से न केवल स्थानीय ग्रामीणों को लाभ होगा, बल्कि आसपास के गांवों की महिलाएं भी इससे जुड़कर अपनी आजीविका को नई दिशा दे सकेंगी। यह पहल ग्रामीण छत्तीसगढ़ में सशक्तिकरण और आर्थिक विकास की नई मिसाल पेश कर रही है।