दो साल पहले बांटा मुआवजा, अब हुआ 30.96 करोड़ के अंडरब्रिज का भूमिपूजन

संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग पर बनेगा 455 मीटर लंबा वायशेप अंडरब्रिज,फाटक बंद होने की समस्या से मिलेगी राहत

मंत्री लखनलाल देवांगन ने तय समय-सीमा में निर्माण पूरा करने के दिए निर्देश

कोरबा। लंबे समय से रेलवे फाटक बंद होने की समस्या से जूझ रहे संजय नगर और आसपास के रहवासियों के लिए राहत की उम्मीद जगी है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के कोरबा-गेवरा रोड रेलखंड पर संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग के पास 30.96 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले वायशेप अंडरब्रिज का शनिवार को भूमिपूजन किया गया।

परियोजना के लिए दो वर्ष पहले ही 91 परिसंपत्तियों के मामले में करीब तीन करोड़ रुपये का मुआवजा वितरित किया जा चुका था, लेकिन कुछ लोगों की ओर से हाईकोर्ट में आपत्ति लगाए जाने के कारण निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ सका। अब भूमिपूजन के साथ परियोजना के धरातल पर उतरने का रास्ता साफ होने की उम्मीद है।

कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन और महापौर संजूदेवी राजपूत के आतिथ्य में आयोजित भूमिपूजन कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी विशेष रूप से उपस्थित रहे।

परियोजना की कुल लागत का 50 प्रतिशत हिस्सा जिला खनिज न्यास और शेष 50 प्रतिशत रेलवे द्वारा वहन किया जाएगा।

समय-सीमा में पूरा हो निर्माण : देवांगन
कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में विकास कार्यों को गति दी जा रही है। संजय नगर वायशेप अंडरब्रिज भी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण परियोजना है, जिसके लिए राशि स्वीकृत कराई गई है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि विकास कार्यों को तेजी से धरातल पर उतारकर आम जनता को उनका लाभ दिलाया जाए।

मंत्री ने बताया कि परियोजना के दायरे में आने वाली शासकीय भूमि पर बने मकानों के स्वामियों को क्षतिपूर्ति राशि प्रदान की गई है। उन्होंने निर्माण कार्य को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने पर जोर दिया, ताकि लोगों को रेलवे फाटक के कारण होने वाली परेशानियों से जल्द राहत मिल सके।

उन्होंने यह भी बताया कि सुनालिया पुल से राताखार की ओर नहर किनारे एक अन्य मार्ग और पुल का निर्माण 22 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित है। इसकी तैयारियां पूरी की जा रही हैं।

फाटक बंद होते ही थम जाता था आवागमन
संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग क्षेत्र के लोगों के लिए फाटक का बार-बार बंद होना लंबे समय से परेशानी का कारण बना हुआ है। रेलवे फाटक बंद होने पर लोगों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ता है। कई बार उन्हें पुराने बस स्टैंड से दर्री रोड होते हुए नहर मार्ग से लंबा चक्कर लगाकर जाना पड़ता है। इससे आम नागरिकों के साथ व्यापारियों और रोजाना आवागमन करने वालों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

महापौर संजूदेवी राजपूत ने कहा कि संजय नगर और आसपास के बड़े क्षेत्र के लोग रेलवे स्टेशन सहित शहर के विभिन्न हिस्सों में आने-जाने के लिए इस मार्ग का इस्तेमाल करते हैं। अंडरब्रिज बनने से आवागमन सुगम होगा और लोगों को लंबे समय से चली आ रही समस्या से राहत मिलेगी।

अंडरब्रिज से बड़ी आबादी को मिलेगी राहत : गोपाल मोदी
भाजपा जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी ने कहा कि पुराना शहर लंबे समय से रेलवे फाटक की समस्या से प्रभावित रहा है। क्षेत्र के व्यापारी और बड़ी संख्या में रहवासी फाटक के बार-बार बंद होने से परेशान होते थे। लोगों को या तो घंटों इंतजार करना पड़ता था या फिर दूसरे मार्गों से होकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ता था। अंडरब्रिज का निर्माण पूरा होने के बाद क्षेत्र की बड़ी आबादी को इसका लाभ मिलेगा और आवागमन पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक होगा।

455 मीटर होगी अंडरब्रिज की कुल लंबाई
संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग के पास बनने वाले वायशेप अंडरब्रिज की कुल लंबाई 455 मीटर निर्धारित की गई है।

इसके मुख्य बॉक्स की लंबाई 28.80 मीटर और ऊंचाई 4.50 मीटर होगी। पुल की कुल चौड़ाई 8.50 मीटर रखी गई है, जबकि कैरेजवे की चौड़ाई 7.50 मीटर होगी।

परियोजना के तहत यू-टाइप रिटर्न की कुल लंबाई 426.20 मीटर होगी। इसमें सुनालिया ज्वेलर्स की ओर 175.60 मीटर, रेलवे स्टेशन की ओर 125.60 मीटर और पुरानी बस्ती की ओर 125 मीटर लंबाई का निर्माण किया जाएगा।

भूमिपूजन कार्यक्रम में नगर निगम सभापति नूतन ठाकुर, रायपुर संभाग के सह प्रभारी डॉ. राजीव सिंह, निगम आयुक्त आशुतोष पांडे, पार्षद सुलोचना यादव, सुषमा साहू, उपेंद्र पटेल, युगल कैवर्त, नरेंद्र देवांगन, रूबी सागर, अजय चंद्रा, प्रेम साहू, सरोज शांडिल्य, मथुरा चंद्र, भानुमति जायसवाल, दिनेश शर्मा, पंकज देवांगन, ईश्वर पटेल, रामाधार पटेल, लक्ष्मण श्रीवास, मुकुंद कंवर, मंडल अध्यक्ष योगेश मिश्रा, मनीष मिश्रा और राजेश राठौर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं नागरिक उपस्थित रहे।