बांगो बांध के दो जलद्वार बंद, अब 7 गेट से छोड़ा जा रहा अतिरिक्त पानी

पानी की आवक घटने से जलस्तर में 3 सेंटीमीटर की गिरावट, 91.54 प्रतिशत पहुंचा जलभराव

कोरबा।मिनीमाता हसदेव बांगो बांध में पानी की आवक कम होने के कारण जलस्तर में गिरावट दर्ज की गई है। स्थिति को देखते हुए उच्चाधिकारियों से चर्चा एवं उनके निर्देश के बाद बांध के दो जलद्वार बंद कर दिए गए हैं। अब बांध के 7 जलद्वारों और पावर हाउस के माध्यम से अतिरिक्त पानी की निकासी की जा रही है।

जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता एस.के. भारती के अनुसार 19 अगस्त को शाम 4.30 से 7.30 बजे के बीच बांध में पानी की आवक कम रही। इस दौरान तीन घंटे में जलस्तर में करीब 3 सेंटीमीटर की गिरावट दर्ज की गई। जलभराव को नियंत्रित करने के लिए जलद्वारों की कुल ओपनिंग 6 मीटर से घटाकर 5 मीटर कर दी गई है।

91.54 प्रतिशत हुआ जलभराव
शाम 7.30 बजे की स्थिति में मिनीमाता हसदेव बांगो बांध का जलस्तर 358.24 मीटर दर्ज किया गया, जो बांध की कुल क्षमता का 91.54 प्रतिशत है। इस समय बांध में पानी का इनफ्लो 23,732 क्यूसेक, जबकि आउटफ्लो 35,807 क्यूसेक दर्ज किया गया।

पानी की आवक और निकासी में अंतर को देखते हुए विभाग द्वारा बांध के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।

जल संसाधन विभाग के अधिकारी जलभराव, इनफ्लो और आउटफ्लो की स्थिति की सतत निगरानी कर रहे हैं।

परिस्थितियों के अनुसार गेटों का संचालन
विभाग के अनुसार बांध में पानी की आवक और जलस्तर में होने वाले बदलाव के आधार पर जलद्वारों के संचालन का निर्णय लिया जा रहा है। फिलहाल दो जलद्वार बंद किए जाने के बाद सात गेटों से अतिरिक्त पानी की निकासी जारी है।

दर्री बांध के 4 गेट भी खुले
इधर दर्री बांध के भी 4 जलद्वार खोले गए हैं।दोनों बांधों से पानी की निकासी को देखते हुए संबंधित विभागों द्वारा जलप्रवाह और जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है।