बुका और गोल्डन आइलैंड में जल पर्यटन होगा और सुरक्षित

राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान गोवा के विशेषज्ञ दे रहे 10 दिवसीय जीवन रक्षक एवं मोटर बोट संचालन प्रशिक्षण

कोरबा। छत्तीसगढ़ शासन के वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अंतर्गत वन मंडल कटघोरा में राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा के सहयोग से जलक्रीड़ा, जीवन रक्षक तकनीक एवं मोटर बोट संचालन का 10 दिवसीय प्रशिक्षण शुक्रवार से शुरू हुआ। प्रशिक्षण 17 अगस्त तक चलेगा।

प्रशिक्षण में कुल 38 प्रशिक्षणार्थी हिस्सा ले रहे हैं। इनमें वन परिक्षेत्र एतमानगर अंतर्गत जल विहार बुका से 21, वन परिक्षेत्र केंदई अंतर्गत गोल्डन आइलैंड से 13 तथा जशपुर वन मंडल से 4 प्रशिक्षणार्थी शामिल हैं।

प्रशिक्षण के लिए राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा से तीन विशेषज्ञ प्रशिक्षक मदन मोहन राव, सुरेंद्र कुमार एवं जगदीश पहुंचे हैं। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को जलक्रीड़ा गतिविधियों के सुरक्षित संचालन के साथ जीवन रक्षक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।

आपात स्थिति में बचाव की सीख
प्रशिक्षण में जल में होने वाली आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने, पर्यटकों के बचाव एवं राहत कार्य, जीवन रक्षक तकनीकों तथा मोटर बोट के सुरक्षित और तकनीकी संचालन की जानकारी दी जा रही है। प्रतिभागियों को सैद्धांतिक जानकारी के साथ मौके पर व्यावहारिक अभ्यास भी कराया जाएगा।

पर्यटकों की सुरक्षा पर जोर
वन विभाग का उद्देश्य वन क्षेत्रों में विकसित जल पर्यटन स्थलों पर आने वाले पर्यटकों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित और दक्ष मानव संसाधन तैयार करना भी प्रशिक्षण का प्रमुख उद्देश्य है।

प्रशिक्षण से जल विहार बुका और गोल्डन आइलैंड में जल पर्यटन गतिविधियों के सुरक्षित, व्यवस्थित और प्रभावी संचालन में मदद मिलेगी। इससे पर्यटकों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने के साथ जल पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।