आश्रम शाला के शिक्षक पर नशे में घूमने का आरोप, ग्रामीणों में नाराजगी

कोरबा। पोड़ी-उपरोड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत सरभोका स्थित आश्रम शाला में पदस्थ एक शिक्षक पर कथित रूप से मादक पदार्थ का सेवन कर नशे की हालत में घूमने का आरोप लगा है। ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षक के इस व्यवहार से विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है, जिससे अभिभावकों और ग्रामीणों में नाराजगी है।

ग्रामीणों के अनुसार, आश्रम शाला में पदस्थ शिक्षक को कथित तौर पर शाला समय के दौरान नशे की हालत में देखा गया। इसके बाद ग्रामीणों ने मामले की जानकारी ग्राम सरपंच को दी। सरपंच का कहना है कि इस संबंध में कुछ दिन पहले विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) को लिखित एवं मौखिक शिकायत भी की गई थी। शिकायत के बाद बीईओ द्वारा आश्रम शाला का निरीक्षण किए जाने की बात कही गई है।

130 से अधिक बच्चे, केवल तीन शिक्षक
ग्रामीणों के मुताबिक सरभोका आश्रम शाला में करीब 130 से 135 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं, जबकि विद्यालय में केवल तीन शिक्षक पदस्थ हैं। आरोप है कि इनमें से दो शिक्षक अक्सर नशे की हालत में रहते हैं और नियमित रूप से अनुपस्थित भी रहते हैं। ग्रामीणों का दावा है कि इससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित शिक्षकों के व्यवहार को लेकर पिछले कई वर्षों से शिकायतें की जाती रही हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे अभिभावकों में बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता बनी हुई है।

निष्पक्ष जांच की मांग
ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग से मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा आरोप सही पाए जाने पर संबंधित शिक्षक के खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई करने की मांग की है। उनका कहना है कि आश्रम शाला में दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से बच्चे अध्ययन करने आते हैं, ऐसे में शिक्षकों की जिम्मेदारी और भी महत्वपूर्ण हो जाती है।

हालांकि, शिक्षक पर लगाए गए आरोपों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और शिक्षा विभाग की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

जांच के बाद ही आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।