मुआवजे के लिए किसान ने एसईसीएल को दी चुनौती: “दम है तो मेरी जमीन लेकर दिखाओ”

कोरबा। हरदीबाजार के एक किसान ने एसईसीएल और प्रशासन को खुली धमकी दी है कि उसकी जमीन जबरिया ली गई तो ठीक नहीं होगा। उसने कहा कि अगर प्रबंधन में दम है तो उसकी जमीन लेकर दिखाए। किसान ने कहा कि उसका पिछला बकाया भुगतान नहीं मिला है, इसलिए वह किसी भी कीमत पर अपनी अन्य संपत्तियों का सर्वे नहीं होने देगा।

कृषक ने आरोप लगाते हुए बताया कि ग्राम सुवाभोड़ी और ग्राम मलगांव में उनकी भूमि और मकानों का अधिग्रहण एसईसीएल दीपका क्षेत्र द्वारा किया जा चुका है। सर्वे और नापी की प्रक्रिया पूरी हुए 4 साल बीत चुके हैं लेकिन अब तक मुआवजे की राशि का भुगतान नहीं किया गया है।

कृषक के अनुसार उन्होंने पूर्व में कलेक्टर जनदर्शन और महाप्रबंधक कार्यालय में कई बार गुहार लगाई लेकिन वहां उनकी सुनवाई नहीं हो रही है।

उन्होंने आवेदन में स्पष्ट कहा है कि यदि सुवाभोड़ी और मलगांव का मुआवजा तत्काल नहीं दिया गया तो वे ग्राम हरदीबाजार स्थित अपनी अन्य भूमि और संपत्तियों का सर्वे/नापी कार्य रोक देंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी एसईसीएल प्रबंधन और जिला प्रशासन की होगी।

विज्ञप्ति के माध्यम से पीड़ित ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा कि एक तरफ विकास के नाम पर जमीनें ली जा रही हैं वहीं दूसरी तरफ किसान अपने ही हक के पैसे के लिए कार्यालयों की धूल फांकने को मजबूर है।इस मामले की प्रतियां अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक एसईसीएल बिलासपुर,तहसीलदार हरदीबाजारऔर महाप्रबंधक खनन को भी प्रेषित की गई हैं ताकि शीघ्र अति शीघ्र न्याय मिल सके।