कोरबा। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने विश्व जल दिवस के अवसर पर ‘मोर जल मोर माटी’ परियोजना के अंतर्गत तालाब पुनर्जीवित अभियान चलाया। इस सामुदायिक जल संचय अभियान में 150 से अधिक बालको कर्मचारी और स्थानीय समुदाय के लोग शामिल हुए।
अभियान के तहत पारंपरिक जल स्रोतों के संरक्षण और सतत जल उपयोग के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया। अब तक इस परियोजना के माध्यम से 40 से अधिक गांवों में जल संरक्षण संरचनाएं विकसित और पुनर्जीवित की जा चुकी हैं। इनमें 158 जल संरचनाएं शामिल हैं, जिनमें 129 खेत तालाब, 15 सामुदायिक तालाब, 12 चेक डैम और 2 लाइनिंग तालाब हैं। इनकी कुल जल संग्रहण क्षमता 2.30 लाख घन मीटर से अधिक है।
वित्त वर्ष 2025-26 में ही 22 नई संरचनाएं (21 खेत तालाब और 1 सामुदायिक तालाब) बनाई गई हैं, जिनकी कुल क्षमता लगभग 22 हजार घन मीटर है। इन प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में जल उपलब्धता बढ़ी है और खेती को मजबूती मिली है।
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक राजेश कुमार ने कहा, “जल संरक्षण, सतत विकास और मजबूत समाज के लिए अत्यंत आवश्यक है। ‘मोर जल मोर माटी’ परियोजना के माध्यम से हम स्थानीय समुदाय के साथ मिलकर जल संसाधनों को पुनर्जीवित कर रहे हैं, जिससे कृषि, आजीविका और पर्यावरण संतुलन को बढ़ावा मिल रहा है। हमारा उद्देश्य दीर्घकालिक जल सुरक्षा सुनिश्चित करना है।”
इस पहल से किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिल रहा है, जिससे वे अब केवल बारिश पर निर्भर नहीं हैं।
किसान अब साल में कई फसलें उगा पा रहे हैं और अपनी आय में वृद्धि कर रहे हैं। साथ ही पशुपालन के लिए भी पानी की उपलब्धता बेहतर हुई है।
भटगांव की किसान संध्या बाई ने बताया, “मैं हमेशा मछली पालन और सब्जी खेती के जरिए अपनी आय बढ़ाना चाहती थी। ‘मोर जल मोर माटी’ योजना के तहत खेत में तालाब बनने से मैं दोनों काम कर पा रही हूं। इससे मेरे परिवार की आय में बढ़ोतरी हुई है और घर की आर्थिक स्थिति सुधरी है।”
परियोजना के तहत 80 किसानों ने मछली पालन को अतिरिक्त आय के रूप में अपनाया है। इससे उन्हें हर फसल चक्र में औसतन ₹20 हजार की कमाई हो रही है।
Editor – Niraj Jaiswal
Mobile – 9754876042
Email – urjadhaninewskorba@gmail.com
Address – Press Complex, T.P. Nagar, Korba C.G. 495677
















