सुशासन शिविर बना संजीवनी, दिव्यांग छात्रा कमला को मिली मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल

कलेक्टर ने बढ़ाया दिव्यांग छात्रा का हौसला, शिक्षा का सफर होगा आसान

कोरबा। कटघोरा विकासखंड में आयोजित सुशासन शिविर कई जरूरतमंद लोगों के लिए राहत और खुशियों का माध्यम बनकर सामने आया। शिविर में पहुंचे हितग्राहियों की समस्याओं का त्वरित निराकरण कर उन्हें विभिन्न योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। इस दौरान दिव्यांग छात्रा कमला केंवट को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल प्रदान कर उसके जीवन को नई दिशा दी गई।

कटघोरा विकासखंड के ग्राम सलोरा (क) निवासी कमला केंवट को पूर्व में समाज कल्याण विभाग द्वारा ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराई गई थी, लेकिन वह काफी पुरानी और खराब हो चुकी थी। उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही कमला ने सुशासन शिविर में नई मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल के लिए आवेदन किया था। आवेदन पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे यह सुविधा उपलब्ध कराई गई।

कलेक्टर कुणाल दुदावत ने स्वयं कमला को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल प्रदान करते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि शासन का उद्देश्य जरूरतमंदों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है और किसी भी समस्या की स्थिति में प्रशासन सदैव उनके साथ खड़ा रहेगा।

एमए की छात्रा कमला ने इस सुविधा के लिए प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब उसकी पढ़ाई और आवागमन पहले की तुलना में काफी आसान हो जाएगा।

वहीं उसकी माता संतकुंवर ने भावुक होकर बताया कि परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे स्वयं यह सुविधा उपलब्ध नहीं करा सकते थे। उनके पति मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं।

शिविर में विभिन्न समस्याओं और आवश्यकताओं को लेकर पहुंचे अन्य हितग्राहियों को भी प्रशासन द्वारा तत्काल राहत प्रदान की गई। लोगों ने कहा कि उन्हें इतनी जल्दी समाधान मिलने की उम्मीद नहीं थी और यह उनके लिए किसी उपहार से कम नहीं है।

इस अवसर पर समाज कल्याण विभाग के अधिकारी हरीश सक्सेना सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

सुशासन तिहार के माध्यम से शासन की संवेदनशील पहल ने न केवल एक दिव्यांग छात्रा के सपनों को नई गति दी, बल्कि आम नागरिकों में प्रशासन के प्रति विश्वास भी मजबूत किया है।