12 वर्षीय नाबालिग के साथ दुष्कर्म, इलाज के दौरान रायपुर में मौत, आरोपी हिरासत में

सूरजपुर। खड़गवां चौकी क्षेत्र में 1 जून को 12 वर्षीय नाबालिग छात्रा के साथ हुए दुष्कर्म की दिल दहला देने वाली घटना में पीड़िता ने रायपुर के एक अस्पताल में इलाज के दौरान शनिवार को दम तोड़ दिया। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में सनसनी और आक्रोश फैला दिया है।

पीड़िता अपने माता-पिता के साथ नानी के घर आई थी, जब उसी गांव के एक नाबालिग आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। डर और सहमे होने के कारण पीड़िता ने 6 दिन तक इस जघन्य अपराध के बारे में किसी को नहीं बताया।

अचानक उसकी तबीयत बिगड़ने पर परिजन उसे अंबिकापुर के अस्पताल ले गए, जहां इस अपराध का खुलासा हुआ।

परिजनों की शिकायत पर खड़गवां पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए नाबालिग आरोपी को हिरासत में लिया और उसे बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया। पीड़िता की हालत बिगड़ने पर उसे अंबिकापुर से रायपुर के अस्पताल में रेफर किया गया, जहां वह जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही थी। शनिवार को उसकी मृत्यु हो गई।

पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। नाबालिग आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अन्य संभावित पहलुओं की भी जांच कर रही है ताकि मामले की पूरी सच्चाई सामने आ सके।

इस घटना ने सूरजपुर जिले के साथ-साथ पूरे छत्तीसगढ़ को झकझोर कर रख दिया है। स्थानीय लोग और सामाजिक संगठन इस जघन्य अपराध की कड़ी निंदा कर रहे हैं और नाबालिगों के खिलाफ अपराधों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाने और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की अपील की है।

यह घटना समाज में नाबालिगों की सुरक्षा और जागरूकता की कमी को उजागर करती है। लोगों ने मांग की है कि स्कूलों और समुदायों में बच्चों को यौन अपराधों के प्रति जागरूक करने के लिए विशेष कार्यक्रम चलाए जाएं। साथ ही, नाबालिग अपराधियों के लिए सुधार और पुनर्वास की व्यवस्था पर भी ध्यान देने की जरूरत है।