फ्लोरामैक्स कंपनी से पीड़ित महिलाओं का अनशन जारी, कई महिलाओं की बिगड़ी तबियत, पुलिस पर झूमाझटकी करने का आरोप

कोरबा ।फ्लोरा मैक्स कंपनी में रुपए निवेश कर कोरबा जिले की हजारों महिलाएं सड़क पर आ गई है। बैंक से लोन वापसी का नोटिस मिलने से परेशान महिलाएं तानसेन चौक पर अनशन पर बैठ गई है जिससे उनकर सेहत बिगड़ने लगी है। बीती रात पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और महिलाओं को जबरन एंबुलेंस में बिठाकर अस्पताल ले आई। महिलाओं का कहना है कि इस दौरान उनके साथ अभद्रता भी गई जिसमें कई महिलाओं को चोटें आई हैं।

फ्लोरा मैक्स कंपनी में बैंको से लोन लेकर रुपए निवेश करने वाली महिलाओं के सामने विकट स्थिति निर्मित हो गई है।

लोन माफी के लिए तानसेन चौक पर बैठी महिलाओं का प्रदर्शन जारी है। पिछले कई दिनों से अनशन पर बैठी महिलाओं की सेहत गिरने लगी है। प्रदर्शन के कारण कई महिलाओं ने बिस्तर पकड़ लिया है बावजूद इसके उनका अनशन जारी है।

इसी कड़ी में बीती रात पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और महिलाओं को जोर जबरदस्ती एंबुलेंस में बैठाकर मेडिकल कॉलेज जिला अस्पताल ले आई।


मीडिया से चर्चा के दौरान उन्होंने कहा कि उनके प्रदर्शन का प्रशासन जबरदस्ती दमन करना चाहता है। वे अस्पताल जाना नहीं चाहती थी, बावजूद उनके साथ झूमाझटकी की गई। इस दौरान कुछ महिलाओं को चोट भी लगी है।

महिलाओं ने स्पष्ट रुप से कहा कि जब तक उनका लोन माफ नहीं होता तब तक प्रदर्शन जारी रहेगा। वहीं पीड़ित महिलाओं ने पुलिस और कोरबा के जनप्रतिनिधीयों पर काफी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने बताया कि पुलिस और नेताओं ने भी उन्हें कंपनी से जुड़ने प्रोत्साहित किया था। अब जब कंपनी में फर्जीवाड़ा हुआ और वे बैंकोे की कर्जदार बन गई तब कोई भी उनकी मदद के लिए सामने नहीं आ रहा है।

कोरबा जिले में फ्लोरा मैक्स नाम की कंपनी साल 2022 में तैयार की गई। मार्ट की तर्ज पर खुली इस कंपनी ने महिलाओं को आजीविका दिलाने के नाम पर झांसे में लिया।

कुछ दिनों तक सबकुछ ठीक चला। बाद में व्यापार में घाटा का हवाला देकर कंपनी ने किस्त की राशि देना बंद कर दिया। कंपनी से जुड़े कुछ लोग ढाई करोड़ से भी ज्यादा की राशि लेकर फरार हो गए। जिससे कंपनी बंद हो गई।

अब फ्लोरा मैक्स चीटिंग कांड का यह मामला पूरी तरह से तूल पकड़ चुका है। महिलाओं के करोड़ों रुपए ठगने वाले कंपनी के कर्ता-धर्ता जेल में है और महिलाएं लोन माफी के लिए सड़क पर जमी हुई है।

बैंक के मानसिक प्रताड़ना से परेशान महिलाओं ने प्रशासन से न्याय की गुहार को लेकर अनिश्चित कालीन धरना प्रदर्शन के साथ भूख हड़ताल शुरू कर दिया है।